Author: Sagar Joshi [SAMDARSHI NEWS]

  • नशे के खिलाफ पुलिस का बड़ा संकल्प! SP योगेश कुमार पटेल ने दिलाई राष्ट्रीय नशामुक्ति शपथ, थाने-चौकियों तक गूंजा ‘नशे को ना’ का संदेश—युवाओं को बचाने पुलिस ने संभाला मोर्चा

    नशे के खिलाफ पुलिस का बड़ा संकल्प! SP योगेश कुमार पटेल ने दिलाई राष्ट्रीय नशामुक्ति शपथ, थाने-चौकियों तक गूंजा ‘नशे को ना’ का संदेश—युवाओं को बचाने पुलिस ने संभाला मोर्चा

    पुलिस अधीक्षक सूरजपुर ने पुलिस अधिकारी व जवानों को दिलाई नशामुक्ति की राष्ट्रीय शपथ।

    सूरजपुर : पुलिस कार्यालय में 18 अगस्त 2026 को पुलिस अधीक्षक योगेश कुमार पटेल (भापुसे) ने नशीली दवाओं के दुरुपयोग के खिलाफ राष्ट्रीय नशा विरोधी शपथ दिलाई। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने समाज में नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का संकल्प लिया। उन्होंने नशीले पदार्थों के सेवन से दूर रहने और युवाओं को नशामुक्त जीवन के लिए प्रेरित करने का भी प्रण किया। जिला मुख्यालय के अलावे समस्त थाना-चौकी में भी वहां के प्रभारियों के द्वारा अधिनस्थों को नशामुक्ति की राष्ट्रीय शपथ दिलाया है।

    पुलिस अधीक्षक सूरजपुर ने इस अवसर पर कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज के लिए एक गंभीर चुनौती है। उन्होंने जोर दिया कि नशे के विरुद्ध पुलिस की कार्रवाई के साथ-साथ जन जागरूकता और सामूहिक सहभागिता भी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों से आह्वान किया कि वे आमजन को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करते हुए नशामुक्त एवं स्वस्थ समाज के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं।

  • भारत को ‘ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब’ बनाने के लिए भारी इंजीनियरिंग व पूंजीगत वस्तु क्षेत्र का सशक्तिकरण जरूरी : बृजमोहन अग्रवाल

    भारत को ‘ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब’ बनाने के लिए भारी इंजीनियरिंग व पूंजीगत वस्तु क्षेत्र का सशक्तिकरण जरूरी : बृजमोहन अग्रवाल

    छत्तीसगढ़ के औद्योगिक विकास व स्थानीय युवाओं के कौशल उन्नयन पर जोर

    “देश में भारी उपकरण उत्पादन क्षमता की समीक्षा” विषय पर एस्टीमेट कमेटी की उच्चस्तरीय बैठक में शामिल हुए सांसद बृजमोहन महत्वपूर्ण सुझाव

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में ‘आत्मनिर्भर भारत’ की दिशा में पूंजीगत वस्तु क्षेत्र ने हासिल की ऐतिहासिक बढ़त

    अर्थमूविंग, निर्माण एवं खनन मशीनरी क्षेत्र के उत्पादन में 5 वर्षों में 178.3% की भारी वृद्धि, निर्यात में 274.4% की अभूतपूर्व बढ़ोतरी

    नई दिल्ली / रायपुर : रायपुर लोकसभा क्षेत्र के सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल मंगलवार को नई दिल्ली में आयोजित संसद की प्रतिष्ठित प्राक्कलन समिति (एस्टीमेट कमेटी) की महत्वपूर्ण बैठक में सम्मिलित हुए। बैठक का मुख्य विषय “देश में भारी उपकरण उत्पादन क्षमता की समीक्षा” (Review of Heavy Equipment Manufacturing Capacity in the Country) था। बैठक में भारी उद्योग मंत्रालय और पूंजीगत वस्तु (कैपिटल गुड्स) क्षेत्र के समग्र विकास, उत्पादन क्षमता विस्तार तथा भविष्य की रणनीतियों पर गहन विचार-विमर्श किया गया।

    बैठक के दौरान सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ और ‘मेक इन इंडिया’ के विजन को धरातल पर उतारने में भारी इंजीनियरिंग और पूंजीगत वस्तु उद्योग की भूमिका रीढ़ की हड्डी के समान है। देश की जीडीपी में लगभग 1.9 प्रतिशत का प्रत्यक्ष योगदान देने वाला यह क्षेत्र अन्य सभी विनिर्माण उद्योगों (जैसे खनन, बिजली, निर्माण, ऑटोमोबाइल व रक्षा) को आवश्यक मशीनरी उपलब्ध कराकर औद्योगिक क्रांति को गति दे रहा है।

    विनिर्माण और निर्यात में देश ने दर्ज की अभूतपूर्व वृद्धि

    श्री अग्रवाल ने समिति के समक्ष प्रस्तुत आंकड़ों का उल्लेख करते हुए बताया कि पिछले 4 वर्षों में केंद्र सरकार की दूरदर्शी नीतियों के चलते भारी उपकरण क्षेत्र में ऐतिहासिक वृद्धि दर्ज की गई है।

    अर्थमूविंग, निर्माण एवं खनन मशीनरी क्षेत्र का उत्पादन वर्ष 2020-21 के ₹29,021 करोड़ से बढ़कर 2024-25 में ₹80,750 करोड़ (178.3% की भारी वृद्धि) तक पहुँच गया है, जबकि निर्यात में 274.4% की अभूतपूर्व बढ़ोतरी हुई है।

    मशीन टूल्स एवं डाई-मोल्ड क्षेत्र जिसे ‘मदर इंडस्ट्री’ कहा जाता है, उसका उत्पादन ₹6,602 करोड़ से बढ़कर ₹14,286 करोड़ (116.4% वृद्धि) हो गया है।

    विद्युत मशीनरी: ट्रांसफॉर्मर, बॉयलर, टर्बाइन जैसे भारी विद्युत उपकरणों के उत्पादन में उल्लेखनीय उछाल आया है तथा आयात पर निर्भरता में 19.6% की कमी दर्ज की गई है।

    श्री अग्रवाल ने कहा कि भारी उद्योग मंत्रालय द्वारा संचालित ‘भारतीय पूंजीगत वस्तु क्षेत्र में प्रतिस्पर्धात्मकता संवर्धन स्कीम (चरण I एवं II)’ के माध्यम से देश के प्रमुख संस्थानों (IITs, IISc, CMTI, ARAI, BHEL) के सहयोग से उत्कृष्ट अनुसंधान केंद्र (CoE), कॉमन इंजीनियरिंग फैसिलिटी सेंटर और उद्योग त्वरक स्थापित किए गए हैं। इसके अंतर्गत 25 से अधिक नई स्वदेशी तकनीकों का विकास कर उनका सफल व्यवसायीकरण किया जा चुका है तथा 70 से अधिक बौद्धिक संपदा अधिकार (IPR) दाखिल किए गए हैं।

    छत्तीसगढ़ के औद्योगिक विकास व स्थानीय युवाओं के कौशल उन्नयन पर जोर

    बैठक में सांसद श्री अग्रवाल ने छत्तीसगढ़ जैसे खनिज, ऊर्जा और उद्योग बहुल राज्य के संदर्भ में महत्वपूर्ण सुझाव रखे। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ देश के अग्रणी खनन व इस्पात उत्पादक राज्यों में से एक है, अतः राज्य में भारी मशीनरी, खनन उपकरणों के आधुनिक विनिर्माण व मेंटेनेंस हब की असीम संभावनाएं हैं। उन्होंने समिति के समक्ष मांग रखी कि आधुनिक तकनीक व इंडस्ट्री 4.0 की आवश्यकताओं को देखते हुए स्थानीय युवाओं के लिए उच्चस्तरीय तकनीकी कौशल केंद्र (Skill Training Centres) विकसित किए जाएं, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसरों का सृजन हो सके।

    श्री अग्रवाल ने विश्वास व्यक्त किया कि संसद की प्राक्कलन समिति द्वारा तैयार किए जाने वाले नीतिगत सुझाव देश को भारी उपकरण विनिर्माण के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर अग्रणी बनाने में मील का पत्थर साबित होंगे।

  • बिजली व्यवस्था को मजबूत करने वाले 8 ‘हीरोज’ का सम्मान! छत्तीसगढ़ ट्रांसमिशन कंपनी ने उत्कृष्ट कार्यों के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों को नवाजा, किसी ने बचाया करोड़ों का उपकरण तो किसी ने समय से पहले पूरा किया बड़ा प्रोजेक्ट

    बिजली व्यवस्था को मजबूत करने वाले 8 ‘हीरोज’ का सम्मान! छत्तीसगढ़ ट्रांसमिशन कंपनी ने उत्कृष्ट कार्यों के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों को नवाजा, किसी ने बचाया करोड़ों का उपकरण तो किसी ने समय से पहले पूरा किया बड़ा प्रोजेक्ट

    उत्कृष्ट कार्यों के लिए ट्रांसमिशन कंपनी के आठ अधिकारी-कर्मचारी सम्मानित, प्रबंध निदेशक राजेश कुमार शुक्ला ने प्रदान किया प्रशस्ति पत्र

    रायपुर : छत्तीसगढ़ स्टेट पावर ट्रांसमिशन कंपनी में क्षेत्रीय स्तर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले आठ अधिकारी एवं कर्मचारियों को आयोजित सम्मान समारोह में प्रबंध निदेशक राजेश कुमार शुक्ला ने सम्मानित किया। डंगनिया मुख्यालय स्थित सेवाभवन के सभाकक्ष में आयोजित समारोह में उन्हें प्रशस्ति-पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान किया। सम्मानित अधिकारी-कर्मचारियों का चयन वर्षभर के दौरान तकनीकी दक्षता, परियोजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन, नवाचार, विद्युत प्रणाली की सुरक्षा एवं विश्वसनीयता बनाए रखने तथा चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में उल्लेखनीय कार्य निष्पादन के आधार पर किया गया।

    सम्मानित होने वालों में खेदामारा के परीक्षण सहायक श्रेणी 01 जे. कृष्णामूर्ति को सेमरिया 220 केवी उपकेंद्र के सर्किट ब्रेकर के एक पोल बस्ट होने पर सूझबूझ से बड़े उपकरणों को बचाने के लिये सम्मानित किया गया। अंबिकापुर के सिविल संभाग के डाटा एंट्री ऑपरेटर सुमित कुमार सिंह को तिल्दा, कुसमी एवं सोनगरा के 132 केवी उपकेंद्रों के लिए वन भूमि आबंटन में उल्लेखनीय प्रयास के लिए पुरस्कृत किया गया।

    महासमुंद के 132/33 केव्ही उपकेंद्र झलप एवं बागबाहरा की सहायक अभियंता सुश्री लता जगत को 63 एमव्हीए ट्रांसफार्मरों की समयबद्ध स्थापना तथा आपातकालीन परिस्थितियों में विद्युत प्रणाली की सुरक्षा सुनिश्चित करने सम्मानित किया गया। भिलाई के कर्मशाला संभाग के परिचारक श्रेणी-दो (ला.) वेदराम यादव को जटिल ट्रांसमिशन संरचनाओं एवं 220 केव्ही टावरों के लिए विशेष टेम्पलेट तैयार कर निर्माण कार्य को सरल बनाने के लिए प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया।

    रायगढ़ के अति उच्च दाब (निर्माण) उपसंभाग के परिचारक श्रेणी-एक (लाईन) सत्य प्रकाश राठौर को ग्रामीण क्षेत्रों की चुनौतियों के बीच घरघोड़ा-बरौद 132 केव्ही लाइन निर्माण कार्य समय से पूर्व पूर्ण कराने तथा रायपुर के अति उच्च दाब (निर्माण) संभाग के लाइन सहायक श्रेणी-दो हीरा सिंह ध्रुव को एनएमडीसी बचेली के लिए 132 केव्ही लाइन निर्माण में विभिन्न विभागों एवं स्थानीय लोगों के साथ प्रभावी समन्वय स्थापित कर कार्य को सफल बनाने के लिए प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया।

    बिलासपुर के 132 केव्ही उपकेंद्र तिफरा की सहायक अभियंता सुश्री वीणा ध्रुव को नौ उपकेंद्रों का अतिरिक्त दायित्व निभाते हुए आपातकालीन परिस्थितियों में प्रभावी कार्य निष्पादन तथा नवीन पावर ट्रांसफार्मरों की सफल चार्जिंग में उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया। रायपुर मुख्यालय की प्रबंधक (वित्त) श्रीमती अमृता व्यास को एपीआई आधारित मशीन-टू-मशीन भुगतान प्रणाली विकसित कर भुगतान प्रक्रिया के सफल डिजिटलीकरण के लिए प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया।

    इस अवसर पर कार्यपालक निदेशक के.एस. मनोठिया, कार्यपालक निदेशक (वित्त) एम.एस. चौहान, कार्यपालक निदेशक (लाइन) संजय पटेल, कार्यपालक निदेशक (ट्रांसमिशन) वी.के. दीक्षित, मुख्य अभियंता (भार प्रेषण) श्रीमती शारदा सोनवानी, मुख्य अभियंता (उपकेंद्र) अब्राह्म वर्गीस, मुख्य अभियंता (परियोजना) प्रसन्ना गोसावी, मुख्य अभियंता (एचआर) श्रीमती रश्मि वर्मा उपस्थित थे।

    कार्यक्रम का संचालन उपमहाप्रबंधक (जनसंपर्क) गोविन्द पटेल ने किया तथा अंत में अधीक्षण अभियंता पंकज चौधरी ने आभार व्यक्त किया।

  • छत्तीसगढ़ में बड़ी प्रशासनिक सर्जरी! पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में 37 इंजीनियरों के तबादले से हड़कंप, EE-AE की बदली जिम्मेदारी—ग्रामीण विकास कार्यों में तेजी लाने सरकार का बड़ा दांव…देखें किसे कहाँ मिली पदस्थापना…!

    छत्तीसगढ़ में बड़ी प्रशासनिक सर्जरी! पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में 37 इंजीनियरों के तबादले से हड़कंप, EE-AE की बदली जिम्मेदारी—ग्रामीण विकास कार्यों में तेजी लाने सरकार का बड़ा दांव…देखें किसे कहाँ मिली पदस्थापना…!

    छत्तीसगढ़ में प्रशासनिक सर्जरी: पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में बड़ा फेरबदल, 37 कार्यपालन व सहायक अभियंताओं के तबादले

    रायपुर : छत्तीसगढ़ शासन ने प्रशासनिक व्यवस्था को सुदृढ़ व गतिमान बनाने के उद्देश्य से पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में बड़े पैमाने पर फेरबदल किया है। विभाग द्वारा जारी आदेश के तहत 37 कार्यपालन अभियंताओं (EE) और सहायक अभियंताओं (AE) के प्रभार एवं पदस्थापना में बदलाव करते हुए नवीन पदस्थापनाएं दी गई हैं।

    राज्य शासन के इस तबादला आदेश को माननीय मुख्यमंत्री के अनुमोदन के उपरांत तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।

    विकास कार्यों में तेजी लाने की कवायद

    ग्रामीण क्षेत्रों में अधोसंरचना निर्माण, प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना तथा ग्रामीण यांत्रिकी सेवा (RES) के कार्यों में पारदर्शिता और तेजी लाने के लिए यह बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया गया है। अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से अपने नवीन पदस्थापना स्थल पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए गए हैं।

  • स्वतंत्रता दिवस पर छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल की बड़ी सौगात! बकायादार हितग्राहियों को दाण्डिक ब्याज में सीधे 50% की छूट, एकमुश्त भुगतान पर मिलेगा बड़ा फायदा—वाटर चार्जेस के सरचार्ज में भी राहत

    स्वतंत्रता दिवस पर छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल की बड़ी सौगात! बकायादार हितग्राहियों को दाण्डिक ब्याज में सीधे 50% की छूट, एकमुश्त भुगतान पर मिलेगा बड़ा फायदा—वाटर चार्जेस के सरचार्ज में भी राहत

    स्वतंत्रता दिवस पर हितग्राहियों को बड़ी सौगात, दाण्डिक ब्याज में 50 प्रतिशत छूट

    छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल की समस्त योजनाओं की पात्र आबंटित संपत्तियों पर लागू होगी छूट–अध्यक्ष अनुराग सिंह देव

    रायपुर : छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल (CGHB) द्वारा आवंटियों को विलंब अवधि की ब्याज राशि और बकाया जल प्रभार (Water Charges) के सरचार्ज पर 50 प्रतिशत की विशेष छूट एकमुश्त भुगतान (One-Time Settlement) योजना के तहत दी गई थी, जिसकी अंतिम तिथि 31 मार्च 2026 निर्धारित थी।

    गृह निर्माण ने हितग्राहियों को दाण्डिक ब्याज में 50 प्रतिशत छूट देने की घोषणा

     स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल ने अपने हितग्राहियों को बड़ी सौगात दी है। मंडल मुख्यालय, नवा रायपुर अटल नगर में आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह में मंडल के अध्यक्ष श्री अनुराग सिंह देव ने बकायादार हितग्राहियों को दाण्डिक ब्याज में 50 प्रतिशत छूट देने की घोषणा की।

    विशेष आवासीय योजना के अंतर्गत OTS-1 एवं OTS-2 में आबंटित संपत्तियां इस योजना के दायरे से बाहर

     यह छूट मंडल की समस्त योजनाओं में निर्मित एवं निर्माणाधीन आबंटित संपत्तियों पर लागू होगी। हालांकि, विशेष आवासीय योजना के अंतर्गत OTS-1 एवं OTS-2 में आबंटित संपत्तियां इस योजना के दायरे से बाहर रहेंगी। पात्र हितग्राही अपनी आबंटित संपत्ति की संपूर्ण बकाया राशि एकमुश्त जमा कर दाण्डिक ब्याज अर्थात विलंबित अवधि के ब्याज में 50 प्रतिशत छूट का लाभ प्राप्त कर सकेंगे।

     अध्यक्ष श्री अनुराग सिंह देव ने बताया कि मंडल द्वारा पूर्व में भी निर्मित भवनों के विरुद्ध बकाया राशि एकमुश्त जमा करने पर दाण्डिक ब्याज में 50 प्रतिशत छूट का लाभ 31 मार्च 2026 तक दिया गया था। इस योजना को हितग्राहियों से अच्छा प्रतिसाद मिला। मंडल की निधि में तरलता बनाए रखने तथा हितग्राहियों को बकाया राशि एकमुश्त जमा करने की सुविधा देने के उद्देश्य से पुनः यह योजना लागू की गई है।

    वाटर चार्जेस के सरचार्ज में भी 50 प्रतिशत छूट

     अध्यक्ष श्री अनुराग सिंह देव ने बताया कि कई हितग्राहियों द्वारा जलप्रदाय शुल्क (वाटर चार्जेस) समय पर जमा नहीं किए जाने के कारण लंबित राशि पर सरचार्ज भारित हो रहा था। हितग्राहियों द्वारा लगातार सरचार्ज में छूट देने का अनुरोध किया जा रहा था। हितग्राहियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मंडल ने अपनी आबंटित संपत्तियों पर लंबित जलप्रदाय शुल्क का एकमुश्त भुगतान करने पर भारित सरचार्ज में भी 50 प्रतिशत छूट देने का निर्णय लिया है। इससे हितग्राहियों को बकाया राशि के निपटारे में राहत मिलेगी और वे सरचार्ज में छूट का लाभ प्राप्त कर सकेंगे।

     अध्यक्ष ने बताया कि इस संबंध में मंडल द्वारा संबंधित इकाइयों को आवश्यक निर्देश जारी किए जा रहे हैं। उन्होंने हितग्राहियों से इस सुविधा का लाभ उठाते हुए अपनी बकाया राशि का शीघ्र एकमुश्त भुगतान करने की अपील की।

  • स्वास्थ्य सेवाओं पर मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल का बड़ा एक्शन मोड! अस्पतालों में दवा, सफाई और स्टाफ की व्यवस्था पर कड़ी नजर, लापरवाही पर साफ चेतावनी—ग्रामीण इलाकों तक पहुंचेगी बेहतर चिकित्सा सुविधा

    स्वास्थ्य सेवाओं पर मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल का बड़ा एक्शन मोड! अस्पतालों में दवा, सफाई और स्टाफ की व्यवस्था पर कड़ी नजर, लापरवाही पर साफ चेतावनी—ग्रामीण इलाकों तक पहुंचेगी बेहतर चिकित्सा सुविधा

    स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने की विभागीय कार्यों की समीक्षा

    मंत्रालय में वरिष्ठ अधिकारियों को दिए बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए आवश्यक निर्देश

    रायपुर : स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने मंत्रालय, महानदी भवन, नवा रायपुर में आज स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक ली । बैठक में प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं की मौजूदा स्थिति पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक के दौरान अस्पतालों में दवाइयों की उपलब्धता, साफ-सफाई की व्यवस्था तथा मरीजों को दी जा रही अन्य सुविधाओं की बारीकी से समीक्षा की गई। अधिकारियों से जिलेवार जानकारी लेते हुए यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया कि दूरस्थ एवं ग्रामीण क्षेत्रों तक भी जरूरी दवाएं और चिकित्सा सुविधाएं समय पर पहुंचें, जिससे आम जनता को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

    स्वास्थ्य मंत्री ने समीक्षा बैठक मे सेवाओं को और अधिक बेहतर एवं जनोन्मुखी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए। अस्पतालों में स्वच्छता व्यवस्था को हर हाल में दुरुस्त रखने, आवश्यक दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने और मरीजों को गुणवत्तापूर्ण उपचार मिले, इसके लिए कार्ययोजना के अनुसार अमल करने को कहा गया। इसके साथ ही चिकित्सा उपकरणों के रखरखाव, स्टाफ की उपस्थिति और मरीजों के साथ संवेदनशील व्यवहार सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। अधिकारियों को स्पष्ट रूप से हिदायत दी गई कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और नियमित रूप से इसकी मॉनिटरिंग की जाएगी।

  • रिमझिम फुहारों के बीच खेलों का महाकुंभ शुरू! 26वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता में 540 खिलाड़ियों ने दिखाया दमखम, पांचों संभागों के रंगीन मार्चपास्ट से गूंजा पेण्ड्रा मैदान

    रिमझिम फुहारों के बीच खेलों का महाकुंभ शुरू! 26वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता में 540 खिलाड़ियों ने दिखाया दमखम, पांचों संभागों के रंगीन मार्चपास्ट से गूंजा पेण्ड्रा मैदान

    रिमझिम फुहारों के बीच खेल प्रतिभाओं ने भरी उड़ान, 26वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ

    केंद्रीय राज्य मंत्री श्री तोखन साहू ने चार दिवसीय प्रतियोगिता का किया उद्घाटन, पांचों संभागों के 540 खिलाड़ियों ने किया आकर्षक मार्चपास्ट

    स्कूली छात्राओं द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रमों की  शानदार प्रस्तुती

    रायपुर : रिमझिम फुहारों के बीच खुशनुमा और उत्साहपूर्ण माहौल में मंगलवार को पेण्ड्रा के फिजिकल कॉलेज मैदान में 26वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ हुआ। केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री श्री तोखन साहू ने ध्वजारोहण कर 18 से 21 अगस्त तक चलने वाली चार दिवसीय प्रतियोगिता के विधिवत शुभारंभ की घोषणा की। उद्घाटन समारोह में खेल प्रतिभाओं के उत्साह, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और आकर्षक मार्चपास्ट ने पूरे वातावरण को खेलमय बना दिया।

    प्रतियोगिता में प्रदेश के पांचों संभागों रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग, बस्तर और सरगुजा से 14 से 19 वर्ष आयु वर्ग के कुल 540 खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं। विभिन्न खेल विधाओं में प्रतिभागी अपनी खेल प्रतिभा और कौशल का प्रदर्शन करेंगे।

    खेल भावना और अनुशासन के साथ खेलने की दिलाई शपथ

    उद्घाटन अवसर पर केंद्रीय राज्य मंत्री श्री तोखन साहू ने सभी प्रतिभागी खिलाड़ियों को खेल नियमों का पूर्ण पालन करते हुए सच्चे अनुशासन, निष्ठा और खेल भावना के साथ प्रतियोगिता में भाग लेने की शपथ दिलाई। उन्होंने खिलाड़ियों से अपने खेल के गौरव, राज्य के सम्मान और खेल भावना की उच्च परंपराओं को अक्षुण्ण रखने का आह्वान किया।

    उन्होंने प्रतियोगिता में शामिल सभी खिलाड़ियों एवं अतिथियों का जीपीएम की धरती पर स्वागत एवं अभिनंदन करते हुए कहा कि अब खेल को देखने का नजरिया बदल गया है। खेल में हम या तो जीतते हैं या सीखते हैं। उन्होंने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि खेल को ऐसे खेलें कि वह पढ़ाई बन जाए और पढ़ाई को ऐसे पढ़ें कि वह खेल बन जाए।

    श्री साहू ने खिलाड़ियों को तनाव और अवसाद से मुक्त होकर पूरे आत्मविश्वास, अनुशासन और खेल भावना के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि खेल केवल प्रतियोगिता में जीतने का माध्यम नहीं, बल्कि जीवन में अनुशासन, आत्मविश्वास, धैर्य और संघर्ष की भावना विकसित करने का महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने सभी प्रतिभागी खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

    चार खेल विधाओं में प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे 540 खिलाड़ी

    चार दिवसीय राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में जिम्नास्टिक, कबड्डी, क्रिकेट और ताइक्वांडो की स्पर्धाएं आयोजित की जा रही हैं। जिम्नास्टिक में बालक एवं बालिका, कबड्डी में बालिका, क्रिकेट में बालक तथा ताइक्वांडो में बालक एवं बालिका खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं।

    प्रतियोगिता के अंतर्गत जिम्नास्टिक की स्पर्धाएं जिम्नास्टिक हॉल, गुरुकुल गौरेला, क्रिकेट की स्पर्धाएं फिजिकल कॉलेज मैदान, गुरुकुल पेण्ड्रा, ताइक्वांडो की स्पर्धाएं जनपद सभागार पेण्ड्रा तथा कबड्डी की स्पर्धाएं कबड्डी प्रशिक्षण केन्द्र पेण्ड्रा में आयोजित की जा रही हैं।

    रंग-बिरंगी पोशाकों में खिलाड़ियों का आकर्षक मार्चपास्ट

    उद्घाटन समारोह का सबसे आकर्षक दृश्य पांचों संभागों से आए खिलाड़ियों का मार्चपास्ट रहा। केसरिया, पीला, नीला, हरा, लाल और सफेद रंग की आकर्षक पोशाकों में सजे खिलाड़ियों की टुकड़ियों ने पूरे अनुशासन और उत्साह के साथ मार्चपास्ट किया। खिलाड़ियों के जोश और उमंग से पूरा मैदान तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।

    इस अवसर पर स्कूली छात्राओं ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शानदार प्रस्तुति देकर समारोह में छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विविधता और विद्यार्थियों की प्रतिभा का सुंदर प्रदर्शन किया। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने उपस्थित अतिथियों और दर्शकों का मन मोह लिया।

    फिजिकल कॉलेज मैदान में बनेगा भव्य मंच

    कार्यक्रम के दौरान कोटा विधानसभा क्षेत्र के विधायक श्री अटल श्रीवास्तव ने सभी प्रतिभागी खिलाड़ियों को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए प्रतियोगिता की सफलता की कामना की।

    फिजिकल कॉलेज मैदान पेण्ड्रा में भविष्य में आयोजित होने वाले खेल एवं अन्य सार्वजनिक कार्यक्रमों के लिए सुंदर, सुसज्जित और बड़े मंच के निर्माण की घोषणा भी की गई। सांसद सह केंद्रीय राज्य मंत्री श्री तोखन साहू ने 10 लाख रुपये तथा विधायक श्री अटल श्रीवास्तव ने 5 लाख रुपये, इस प्रकार कुल 15 लाख रुपये देने की घोषणा की। इस घोषणा का उपस्थित लोगों ने स्वागत किया।

    खिलाड़ियों को बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने पर जोर

    कलेक्टर श्री विजय दयाराम के. ने प्रतियोगिता में शामिल सभी खिलाड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए प्रतियोगिता की सफलता की कामना की। उन्होंने आयोजन से जुड़े अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों की सुविधा, सुरक्षा और आवश्यक व्यवस्थाओं का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए।

    कार्यक्रम में जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा प्रतियोगिता से संबंधित खेल प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया। आयोजक मंडल की ओर से अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।

    खेल प्रतिभाओं के लिए राज्य स्तरीय मंच

    26वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता प्रदेश के विभिन्न अंचलों से आए स्कूली खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का महत्वपूर्ण मंच प्रदान कर रही है। चार दिनों तक चलने वाली विभिन्न खेल स्पर्धाओं में खिलाड़ी न केवल अपनी खेल क्षमता का प्रदर्शन करेंगे, बल्कि अनुशासन, टीम भावना, प्रतिस्पर्धा और खेल भावना की सीख भी प्राप्त करेंगे।

    उद्घाटन समारोह में जिला पंचायत अध्यक्ष सुश्री समीरा पैकरा, अध्यक्ष नगर पालिका परिषद पेण्ड्रा श्री राकेश जालान, अध्यक्ष नगर पालिका परिषद गौरेला श्री मुकेश दुबे, जनपद पंचायत गौरेला अध्यक्ष श्री शिवनाथ बघेल, जनपद पंचायत मरवाही अध्यक्ष श्रीमती जानकी कुशरो, पुलिस अधीक्षक श्री मनोज खिलारी, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री मुकेश रावटे, जिला शिक्षा अधिकारी श्री रजनीश तिवारी सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक, अधिकारी-कर्मचारी, मीडिया प्रतिनिधि एवं प्रतिभागी खिलाड़ी उपस्थित रहे।

  • छत्तीसगढ़ में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल! 7 वरिष्ठ अफसरों के तबादले से बदली जिम्मेदारियां, मंत्रालय से जिला पंचायत और कलेक्टोरेट तक नई पोस्टिंग—देखिए किसे मिला कौन सा पद

    छत्तीसगढ़ में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल! 7 वरिष्ठ अफसरों के तबादले से बदली जिम्मेदारियां, मंत्रालय से जिला पंचायत और कलेक्टोरेट तक नई पोस्टिंग—देखिए किसे मिला कौन सा पद

    छत्तीसगढ़ प्रशासनिक फेरबदल: मंत्रालय से लेकर मैदानी स्तर तक नई जिम्मेदारियां तय

    रायपुर : छत्तीसगढ़ शासन ने प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक चुस्त-दुरुस्त बनाने के उद्देश्य से राज्य प्रशासनिक सेवा (राप्रसे – प्रवर श्रेणी) के वरिष्ठ अधिकारियों के प्रभार में महत्वपूर्ण फेरबदल किया है। सामान्य प्रशासन विभाग (GAD), महानदी भवन द्वारा 18 अगस्त 2026 को जारी आधिकारिक आदेश के अनुसार, कुल 7 प्रवर श्रेणी अधिकारियों को नवीन पदस्थापना एवं अतिरिक्त प्रभार सौंपे गए हैं।

    इस आदेश के तहत मंत्रालय, विभिन्न निगम-मंडलों, आयोग तथा जिला पंचायतों व कलेक्टोरेट स्तर पर नई नियुक्तियां की गई हैं। सभी स्थानांतरित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे आदेश जारी होने के 10 दिनों के भीतर अनिवार्य रूप से कार्यमुक्त होकर अपनी नई पदस्थापना पर कार्यभार ग्रहण करें।

    तबादला सूची: किसे मिली क्या नई जिम्मेदारी?

    1. श्री उज्ज्वल पोरवाल (राप्रसे RR-2014):
      • पूर्व पदस्थापना: महाप्रबंधक (प्रशासन), छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड (CGMSC) तथा अतिरिक्त प्रभार महाप्रबंधक – मार्कफेड।
      • नवीन पदस्थापना: मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO), जिला पंचायत, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी।
    2. श्री अभिषेक कुमार गुप्ता (राप्रसे RR-2014):
      • पूर्व पदस्थापना: मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO), जिला पंचायत, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी।
      • नवीन पदस्थापना: उप सचिव, पर्यटन विभाग तथा अतिरिक्त प्रभार उप सचिव, संस्कृति विभाग, मंत्रालय।
    3. श्री विनय कुमार अग्रवाल (राप्रसे RR-2015):
      • पूर्व पदस्थापना: मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO), जिला पंचायत, सरगुजा (अंबिकापुर)।
      • नवीन पदस्थापना: मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO), जिला पंचायत, नारायणपुर।
    4. डॉ. ऋतु वर्मा (राप्रसे RR-2015):
      • पूर्व पदस्थापना: उप सचिव, सामान्य प्रशासन विभाग (कक्ष-6 एवं 7)।
      • नवीन पदस्थापना: उप सचिव, सामान्य प्रशासन विभाग (कक्ष-6 एवं 7) के साथ-साथ परीक्षा नियंत्रक, छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) का महत्वपूर्ण अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
    5. श्री हेमंत कुमार मत्स्यपाल (राप्रसे P-2016):
      • पूर्व पदस्थापना: सहायक महाप्रबंधक, छत्तीसगढ़ राज्य नागरिक आपूर्ति निगम लिमिटेड (नान), नवा रायपुर।
      • नवीन पदस्थापना: महाप्रबंधक (प्रशासन), छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड (CGMSC), नवा रायपुर अटल नगर।
    6. श्रीमती नयनतारा सिंह तोमर (राप्रसे RR-2014):
      • पूर्व पदस्थापना: अपर संचालक, चिकित्सा शिक्षा संचालनालय, नवा रायपुर।
      • नवीन पदस्थापना: अपर कलेक्टर, सूरजपुर।
    7. श्री मनीष मिश्रा (राप्रसे P-2015):
      • पूर्व पदस्थापना: अपर कलेक्टर, रायपुर।
      • नवीन पदस्थापना: उप सचिव, मंत्रालय, नवा रायपुर अटल नगर।
  • BREAKING NEWS: छत्तीसगढ़ में बड़ी प्रशासनिक सर्जरी! 6 जिलों के कलेक्टर बदले, 23 IAS-IFS अफसरों का तबादला…देखें पूरी सूची..!

    BREAKING NEWS: छत्तीसगढ़ में बड़ी प्रशासनिक सर्जरी! 6 जिलों के कलेक्टर बदले, 23 IAS-IFS अफसरों का तबादला…देखें पूरी सूची..!

    रायपुर: छत्तीसगढ़ शासन ने प्रशासनिक तंत्र में चुस्ती लाने और कामकाज को गति देने के उद्देश्य से भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) और भारतीय वन सेवा (IFS) स्तर पर बड़े पैमाने पर सर्जरी की है। सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) द्वारा जारी आदेश के अनुसार, राज्य के छह जिलों के कलेक्टरों को बदलने के साथ-साथ मंत्रालय स्तर के महत्वपूर्ण विभागों के सचिवों और राज्य स्तरीय निगम-मंडलों के मुखियाओं की जिम्मेदारियों में व्यापक फेरबदल किया गया है।

    सोनमणि बोरा बने प्रमुख सचिव, नगरीय प्रशासन को मिले नए मुखिया प्रशासनिक फेरबदल के तहत वर्ष 1999 बैच के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी श्री सोनमणि बोरा को आदिम जाति, अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास विभाग के प्रभार से मुक्त करते हुए नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग का नया प्रमुख सचिव नियुक्त किया गया है। उनके पास विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के प्रमुख सचिव का अतिरिक्त प्रभार भी यथावत बना रहेगा। वहीं, अब तक नगरीय प्रशासन विभाग की कमान संभाल रहीं सुश्री आर. संगीता (IAS 2005) को सचिव, मंत्रालय के पद पर पदस्थ किया गया है। इसके साथ ही कांगेर के कलेक्टर रहे श्री नीलेशकुमार महादेव क्षीरसागर (IAS 2011) को संचालक, नगरीय प्रशासन एवं विकास की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है।

    आधा दर्जन जिलों में नए कलेक्टरों की तैनाती राज्य सरकार ने छह जिलों की कमान नए चेहरों को सौंपते हुए कई कलेक्टर्स के कार्यक्षेत्र बदले हैं। श्री रणबीर शर्मा (IAS 2012) को संचालक समाज कल्याण से गरियाबंद का नया कलेक्टर बनाया गया है। वहीं, मुंगेली कलेक्टर श्री कुंदन कुमार (IAS 2014) को कांकेर जिले का नया कलेक्टर नियुक्त किया गया है। सक्ती कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो (IAS 2014) को मुंगेली जिले की कमान सौंपी गई है, जबकि श्रीमती जयश्री जैन (IAS 2016) को संयुक्त सचिव वन विभाग से पदोन्नत करते हुए सक्ती का नया कलेक्टर बनाया गया है। मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी की कलेक्टर रहीं श्रीमती तुलिका प्रजापति (IAS 2016) अब कबीरधाम (कवर्धा) जिले की कमान संभालेंगी, और उनके स्थान पर खेल एवं युवा कल्याण विभाग की संचालक रहीं सुश्री तनुजा सलाम (IAS 2019) को मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी का नया कलेक्टर पदस्थ किया गया है।

    मंत्रालय एवं राज्य स्तरीय निगम-मंडलों में व्यापक बदलाव जिलों से स्थानांतरित अधिकारियों को मंत्रालय स्तर पर अहम भूमिकाएं दी गई हैं। गरियाबंद कलेक्टर रहे श्री भगवान सिंह उइके (IAS 2016) को संयुक्त सचिव, सामान्य प्रशासन विभाग तथा कबीरधाम कलेक्टर रहे श्री गोपाल वर्मा (IAS 2016) को संयुक्त सचिव, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग में पदस्थ किया गया है। योजना एवं सांख्यिकी विभाग के सचिव श्री भुवनेश यादव (IAS 2006) को अब आदिम जाति, अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास विभाग के सचिव का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। निर्वाचन आयोग की सहमति के बाद अतिरिक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री भोसकर विलास संदिपान (IAS 2011) को प्रबंध संचालक, नागरिक आपूर्ति निगम (नान) का अतिरिक्त जिम्मा दिया गया है, जिससे सुश्री इफ्फत आरा इस पदभार से मुक्त होंगी।

    जल जीवन मिशन, समाज कल्याण और पर्यटन मंडल में नए पदभार नगरीय प्रशासन संचालक रहे श्री रिमजिजयुस एक्का (IAS 2011) को विशेष सचिव PHE बनाते हुए मिशन संचालक, जल जीवन मिशन का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। अंplace्यावसायी निगम के एमडी रहे श्री जगदीश सोनकर (IAS 2013) अब खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के विशेष सचिव होंगे। इसके अलावा, उप सचिव राजस्व श्री गजेन्द्र सिंह ठाकुर (IAS 2019) को संचालक समाज कल्याण का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। सुश्री रोमा श्रीवास्तव (IAS 2020) को जिला पंचायत सरगुजा का CEO बनाया गया है, जबकि सुश्री आकांक्षा शिक्षा खलखो (IAS 2020) को उप सचिव वाणिज्य एवं उद्योग के साथ संचालक खेल एवं युवा कल्याण का अतिरिक्त दायित्व मिला है।

    सुश्री लीना कोसम (IAS 2020) को CGPSC परीक्षा नियंत्रक से हटाकर आयुक्त, नगर पालिक निगम दुर्ग नियुक्त किया गया है। श्री सौमिल रंजन चौबे (IAS 2021) को पर्यटन मंडल का नया प्रबंध संचालक बनाया गया है, जबकि पर्यटन मंडल के पूर्व एमडी श्री विवेक आचार्य (IFS 2006) की सेवाएं तत्काल प्रभाव से उनके मूल वन विभाग को वापस लौटा दी गई हैं। इसके साथ ही श्री बीरेन्द्र बहादुर पंचभाई (IAS 2021) को अपर कलेक्टर नारायणपुर से अपर कलेक्टर बिलासपुर पदस्थ किया गया है।

  • छत्तीसगढ़ में सड़क हादसों पर सरकार का बड़ा एक्शन! मुख्य सचिव विकासशील ने 8 सबसे ज्यादा दुर्घटना वाले जिलों पर कसा शिकंजा, ब्लैक स्पॉट सुधार से लेकर 108 एंबुलेंस और ट्रॉमा सेंटर तक सख्त निर्देश

    छत्तीसगढ़ में सड़क हादसों पर सरकार का बड़ा एक्शन! मुख्य सचिव विकासशील ने 8 सबसे ज्यादा दुर्घटना वाले जिलों पर कसा शिकंजा, ब्लैक स्पॉट सुधार से लेकर 108 एंबुलेंस और ट्रॉमा सेंटर तक सख्त निर्देश

    राज्य स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक : मुख्य सचिव श्री विकासशील ने दिए सड़क सुरक्षा उपायों के बेहतर क्रियान्वयन के निर्देश

    रायपुर : मुख्य सचिव श्री विकासशील की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में मुख्य सचिव ने राज्य में सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने और यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने के लिए सभी संबंधित विभागों को आपस में बेहतर समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। बैठक के दौरान माननीय सुप्रीम कोर्ट कमेटी ऑन रोड सेफ्टी और सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के तहत प्रदेश में किए गए कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई।

    बैठक के मुख्य बिंदु एवं निर्देश

     दुर्घटना में घायलों का इलाज प्रधानमंत्री राहत योजना के तहत सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही 108 एम्बुलेंस की समय पर उपलब्धता की सख्त मॉनिटरिंग और ट्रामा सेंटरों को सुदृढ़ करने पर बल दिया गया। सड़क दुर्घटना के घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाने वाले नेक नागरिकों (गुड सेमेरिटन) को यथाशीघ्र प्रोत्साहन एवं सम्मान राशि प्रदान करने के निर्देश दिए गए।

    दुर्घटनाओं के कारणों का गहन विश्लेषण कर विशेष कार्ययोजना तैयार करने निर्देश

     अधिक दुर्घटना वाले 8 जिलों पर विशेष फोकस किया गया, जिनमें रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग, कोरबा, रायगढ़, बलौदाबाजार, सरगुजा और जगदलपुर (बस्तर) जिलों में दुर्घटनाओं के कारणों का गहन विश्लेषण कर विशेष कार्ययोजना तैयार करने को कहा गया।

    दुर्घटनाओं में कमी लाने सड़क निर्माण के पूर्व ही डिजाइन सही बनाएं

     ब्लैक स्पॉट्स का सुधार एवं विश्लेषण के निर्देश दिए गए। लोक निर्माण विभाग और एनएचएआई को ब्लैक स्पॉट्स में समय-सीमा के भीतर सुधार करने और सुधार के बाद दुर्घटनाओं में आई कमी का विश्लेषण करने का निर्देश दिया गया। मुख्य सचिव ने जोर दिया कि बाद में सुधार करने से बेहतर है कि सड़कों की शुरुआती डिजाइन ही सही हो। सड़कों पर आवारा पशुओं के विचरण को रोकने के लिए ठोस कार्ययोजना बनाकर त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।

    युवाओं और शैक्षणिक संस्थानों को यातायात जागरूकता से जोड़े

     सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए सभी शैक्षणिक संस्थानों में रोड क्लब गठित करने और ज्यादा से ज्यादा युवाओं को सुगम यातायात प्रबंधन से जोड़ने पर जोर दिया गया, ताकि युवाओं और शैक्षणिक संस्थानों की भागीदारी बनी रहे। सभी जिलों के कलेक्टरों को सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए जिला सड़क सुरक्षा समिति की नियमित बैठकें आयोजित करने और मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए गए।

     बैठक की शुरुआत में परिवहन सचिव श्री एस. प्रकाश ने विभागीय गतिविधियों की जानकारी दी। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (यातायात) श्री प्रदीप गुप्ता सहित लोक निर्माण विभाग, स्वास्थ्य, जनसंपर्क और भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।