Category: जशपुर

  • जनदर्शन में जनता की आवाज बनी प्राथमिकता: कलेक्टर रोहित व्यास ने सुनी 32 शिकायतें, अधिकारियों को दिए समयबद्ध और पारदर्शी समाधान के सख्त निर्देश

    जनदर्शन में जनता की आवाज बनी प्राथमिकता: कलेक्टर रोहित व्यास ने सुनी 32 शिकायतें, अधिकारियों को दिए समयबद्ध और पारदर्शी समाधान के सख्त निर्देश

    जशपुर : कलेक्टर रोहित व्यास ने आज मंगलवार को जिला कार्यालय में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम में आम नागरिकों से सीधे रूबरू होकर उनकी समस्याओं और मांगों को गंभीरतापूर्वक सुना। जनदर्शन में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे नागरिकों ने अपनी व्यक्तिगत एवं सामूहिक समस्याओं से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। कलेक्टर ने सभी आवेदनों का ध्यानपूर्वक अवलोकन करते हुए संबंधित विभागों के अधिकारियों को प्रत्येक प्रकरण का त्वरित, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

     आज आयोजित जनदर्शन में कुल 32 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें प्रमुख रूप से राजस्व प्रकरण, स्वच्छता एवं साफ-सफाई, अधोसंरचना निर्माण, आजीविका उन्नयन, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ, तथा विभिन्न शासकीय योजनाओं से संबंधित समस्याएँ और मांगें शामिल थीं। कलेक्टर श्री व्यास ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि सभी आवेदनों को प्राथमिकता के आधार पर समय-सीमा के भीतर उनका निराकरण किया जाए, ताकि नागरिकों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।

     कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने अधिकारियों को आवेदनों पर की गई कार्यवाही की जानकारी संबंधित आवेदकों को समय पर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए, जिससे उन्हें अपने प्रकरण की स्थिति की स्पष्ट जानकारी मिल सके। उन्होंने विशेष रूप से जनसुविधाओं से जुड़े मामलों, जैसे पेयजल, सड़क, स्वच्छता और शासकीय योजनाओं के लाभ से संबंधित प्रकरणों पर संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ कार्रवाई करने पर जोर दिया।

  • सफलता की कहानी : “कभी पानी के लिए तरसता था जोगीमारा, अब हर घर में नल: जल जीवन मिशन से 56 कनेक्शन, महिलाओं की मेहनत कम और गांव में आई खुशहाली

    सफलता की कहानी : “कभी पानी के लिए तरसता था जोगीमारा, अब हर घर में नल: जल जीवन मिशन से 56 कनेक्शन, महिलाओं की मेहनत कम और गांव में आई खुशहाली

    जोगीमारा में “हर घर जल” की सुविधा ने लोगों के जीवन को बना दिया आसान और सुरक्षित

    56 क्रियाशील घरेलू नल कनेक्शन के जरिए सभी घरों तक नियमित रूप से आपूर्ति हो रही पानी

    जशपुर : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार जल जीवन मिशन के अतंर्गत् हर घर तक स्वच्छ जल पहुंचाने के प्रयास के तहत् और एक ग्राम नल कनेक्शन से लाभान्वित हुआ है।

    जशपुर जिला मुख्यालय से लगभग 20 किलोमीटर की दूरी पर स्थित ग्राम जोगीमारा भौगोलिक रूप से नजदीक होने के बावजूद लंबे समय तक विकास की मुख्यधारा से दूर रहा। घने जंगलों और बीहड़ क्षेत्र में बसे इस गांव की एक विशेषता यह भी रही कि इसका आधा हिस्सा पहाड़ी क्षेत्र में स्थित है, जिसके कारण वहां रहने वाले परिवारों को दैनिक जीवन में अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था, विशेषकर पेयजल की उपलब्धता को लेकर।

     जल जीवन मिशन के लागू होने से पहले ग्राम जोगीमारा के ग्रामीण पारंपरिक जल स्रोतों पर निर्भर थे, जिनमें मुख्य रूप से नाला और कुआं शामिल थे। गांव का आधा हिस्सा पहाड़ों में बसे होने के कारण वहां के लोगों को पानी लाने के लिए ढलानों से नीचे उतरकर दूर स्थित जल स्रोतों तक जाना पड़ता था। यह कार्य अत्यंत कठिन,था विशेषकर महिलाओं के लिए।

    इन परिस्थितियों ने ग्रामीणों के स्वास्थ्य और जीवन स्तर दोनों को प्रभावित किया। बच्चों और बुजुर्गों में बीमारियां अधिक देखने को मिलती थीं और परिवारों को इलाज पर अतिरिक्त खर्च करना पड़ता था। साथ ही, महिलाओं का अधिकांश समय पानी लाने में ही व्यतीत हो जाता था, जिससे वे अन्य कार्यों पर ध्यान नहीं दे पाती थीं।

     ऐसी स्थिति में जल जीवन मिशन के अंतर्गत ग्राम जोगीमारा में संगठित जल आपूर्ति प्रणाली स्थापित की गई। 10 केएल क्षमता के एक उच्च स्तरीय जलागार (ओवरहेड टैंक) के माध्यम से पूरे ग्राम में जल वितरण की व्यवस्था की गई है तथा 56 क्रियाशील घरेलू नल कनेक्शन के जरिए सभी घरों तक नियमित रूप से पानी की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। पाइपलाइन के माध्यम से गांव के प्रत्येक घर तक नल कनेक्शन प्रदान किए गए हैं, जिससे अब पहाड़ी क्षेत्र में बसे घरों तक भी आसानी से पानी पहुंच रहा है।

     वर्तमान में ग्राम के सभी घरों को फंक्शनल हाउसहोल्ड टैप कनेक्शन के माध्यम से नियमित रूप से स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे गांव में एक बड़ा सकारात्मक परिवर्तन देखने को मिला है। अब महिलाओं को कठिन पहाड़ी रास्तों से होकर पानी लाने नहीं जाना पड़ता, जिससे उनके समय और श्रम की काफी बचत हुई है। यह बदलाव उनके जीवन को सरल बनाने के साथ-साथ उन्हें अन्य उपयोगी कार्यों के लिए समय भी प्रदान कर रहा है। स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय सुधार हुआ है। स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता से जलजनित बीमारियों मंय कमी आई है और ग्रामीणों का स्वास्थ्य पहले की तुलना में बेहतर हुआ है। बच्चों के लिए भी यह परिवर्तन लाभकारी सिद्ध हुआ है। अब उन्हें पानी लाने में समय नहीं देना पड़ता, जिससे वे नियमित रूप से स्कूल जा पा रहे हैं और अपनी पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।

     ग्राम स्तर पर जल एवं स्वच्छता समिति के माध्यम से योजना का संचालन एवं रखरखाव किया जा रहा है, जिससे जल आपूर्ति प्रणाली सुचारु रूप से चल रही है। सामुदायिक सहभागिता के कारण योजना के प्रति लोगों में जिम्मेदारी और स्वामित्व की भावना भी विकसित हुई है। आज ग्राम जोगीमारा के निवासी इस बदलाव से अत्यंत संतुष्ट हैं। उनका कहना है कि अब “हर घर जल” की सुविधा ने उनके जीवन को आसान और सुरक्षित बना दिया है। ग्राम जोगीमारा की यह सफलता की कहानी यह दर्शाती है कि यदि योजनाओं का सही क्रियान्वयन और जनसहभागिता सुनिश्चित हो, तो भौगोलिक रूप से कठिन क्षेत्रों में भी विकास की नई दिशा स्थापित की जा सकती है। यह गांव आज एक प्रेरणादायक उदाहरण बन चुका है, जहां हर घर तक स्वच्छ जल पहुंचकर जीवन स्तर में व्यापक सुधार लाया गया है।

  • आम की फसल पर मैंगो हॉपर का खतरा: मंजरियों को चूसकर घटा रहा उत्पादन, उद्यान विभाग ने जारी किए बचाव और नियंत्रण के जरूरी उपाय

    आम की फसल पर मैंगो हॉपर का खतरा: मंजरियों को चूसकर घटा रहा उत्पादन, उद्यान विभाग ने जारी किए बचाव और नियंत्रण के जरूरी उपाय

    जशपुर : मैंगो हॉपर आम के पेड़ों में लगने वाला एक प्रमुख कीट है। यह खासकर फूल आने के समय-मंजर आने पर ज्यादा नुकसान करता है। यह कीट पत्तियों और मंजरियों का रस चूसता है जिससे फल बनने की क्षमता कम हो जाती है।

    उद्यान विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार मंजरियों और नई पत्तियों पर छोटे-छोटे हरे व भूरे कीट दिखाई देते हैं यही इसकी पहचान होती है। पत्तियां और मंजरियां चिपचिपी हो जाती हैं। उस पर काली फफूंदी जम जाती है। फूल झड़ जाते हैं और फल कम बनते हैं।

    इसके प्रभावी समाधान के लिये कृषकों सुबह या शाम के समय एजाडिरेक्टिन 10000 पीपीएम में 01 एमएल प्रति लीटर पानी में मिलाकर स्प्रे करना चाहिए। नीम तेल का 0.5 से 1 प्रतिशत 05 से 10 एमएल लीटर पानी के साथ छिड़काव करना चाहिए।

    यदि प्रकोप ज्यादा हो तो इनमें से किसी एक दवा का छिड़काव करें कीटनाशक का नाम मात्रा छिड़काव किया जा सकता है। इनमें प्रति लीटर पानी के साथ इमिडाक्लोप्रिड 0.3 मिली प्रति लीटर पानी थियामेथोक्सम 0.4 ग्राम प्रति लीटर पानी लैम्ब्डा-साइहेलोथिन 1.0 मिली प्रति लीटर पानी 10-15 दिन के अन्तराल में 2-3 बार छिड़काव करने से अच्छा नियंत्रण मिलता है।

     इसके साथ ही पेडों की घनी टहनियों को काटें ताकि धूप और हवा अंदर तक जा सके, जिससे हॉपर का पनपना कम हो, बाग की नियमित सफाई करें। जब फल मटर के दाने के बराबर हो जाएं, तब हल्की सिंचाई शुरू करें और नमी बनाए रखें।

  • मांड नदी में जल संकट के बीच बड़ी राहत: किलकिला एनीकट के गेटों में लीकेज पर E&M की त्वरित कार्रवाई, सिंचाई और पेयजल आपूर्ति बचाने में मिली सफलता

    मांड नदी में जल संकट के बीच बड़ी राहत: किलकिला एनीकट के गेटों में लीकेज पर E&M की त्वरित कार्रवाई, सिंचाई और पेयजल आपूर्ति बचाने में मिली सफलता

    ई.एंड.एम. द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए किलकिला एनीकट के गेटों में किया गया आयश्यक सुधार

    जशपुर : समाचार पत्रों में प्रकाशित खबर ‘‘गर्मी के दस्तक के साथ ही सुखी मांड नदी की हलक‘‘ के संबंध में जल संसाधन संभाग कुनकुरी के कार्यपालन अभियंता ने जानकारी देते हुए बताया है कि मांड नदी पर ग्राम किलकिला में विभाग द्वारा निर्मित किलकिला एनीकट योजना है इस योजना की जल भराव क्षमता 0.227 एमसीयूएम है इस योजना से वर्तमान में 25-30 एकड़ सिचाई के लिए पानी दिया जा रहा है साथ ही पत्थलगांव के लिए पेय जाल की सप्लाई नगर पंचायत पत्थलगांव द्वारा किया जाता है।

    प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी किलकिला एनीकट का गेट 25-26 अक्टूबर 2025 को बंद कर दिया गया था कुछ समय बाद गेटों में लीकेज की समस्या देखी गई जिसके पश्चात पुनः 08 जनवरी 2026 को पत्र लिखकर ई एंड एम कुनकुरी को सूचना दी गई। ई एंड एम द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए 09 जनवरी 2026 को अपनी टीम भेजकर गेटों में आयश्यक सुधार किया गया एवं नगर पालिका के सी. एम. ओ. से बात कर उनको इंटेक वेल में कार्यरत मजदूरों की सहायता से लीकेज बंद किया गया। जिससे पुन एनीकट में पानी ऊपर से चलने लगा। इस वर्ष 20 से 25 जनवरी यो आस पास नदी का बहाव पूर्ण रूप से बंद हो गया था जिसके कारण सिंचित पानी से सिंचाई एवं पेयजल दोनों के लिए पानी प्रदाय किया गया। चूंकि एनीकट की जल भराव क्षमता 0.227 एमसीयूएम है इस जल से सिंचाई वो साथ साथ पेयजल हेतु जल सीमित समय के लिए ही लिया जा सकता है वर्तमान में नदी के बहाव बंद होने के दो माह तथा पानी लिया गया जिसके फलस्वरूप एनीकट सुख गया है । चूंकि योजना का निर्माण पर्ष 2009-10 में पूर्ण हुआ है इतने समय में गेटों में कुछ मात्रा में लीकेज स्वाभाविक है एवं संरचना से भी कहीं कहीं लीकेज हो रही है जिसके मरम्मत हेतु वर्ष 2024 में राशि 299.31 लाख का प्राक्कलन तैयार कर प्रस्तुत किया गया था किंतु स्वीकृति के अभाव में कार्य प्रारंभ नहीं हो सका और कार्य बजट से बाहर हो गया। पुनः वर्ष 2026-27 में उक्ता मरम्मत कार्य बजट हेतु प्रस्तावित किया गया किंतु इस वर्ष के बजट में कार्य शामिल नहीं हो पाया। जिसके कारण इस वर्ष भी मरम्मत नहीं हो पाया। इस प्रकार विभाग द्वारा किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतते हुए निरंतर विभाग की शाखा ई एंड एम से लगातार संपर्क कर गेट में आवश्यक सुधार कराया गया। एनीकट में लीकेज तो था किंतु एनीकट का लीकेज अगर पूर्ण रूप से बंद होता भी तो दो से तीन दिन ही अतिरिक्त पानी उपलब्ध कराया जा सकता था।

     लीकेज के कारण अत्यधिक मात्रा में पानी का वेस्टेज नहीं हुआ है। भविष्य में उक्त कार्य का प्रस्ताव पुनः विभाग द्वारा उच्च कार्यालय में प्रस्तुत किया जाएगा स्वीकृति उपरांत कार्य प्रारंभ किया जायेगा।

  • अंधेरे से उजाले की ओर: जामबहार में 11 खंभों की खराब केबल बदली, 3 अप्रैल से बहाल हुई बिजली

    अंधेरे से उजाले की ओर: जामबहार में 11 खंभों की खराब केबल बदली, 3 अप्रैल से बहाल हुई बिजली

    विद्युत विभाग द्वारा जामबहार में 11 खंभों में लगे हुए खराब एबी केबल को बदलकर लगया गया नया

    तत्परता से नया केबल लगाकर 03 अप्रैल को चालू कर दी गई है लाईन

    जशपुर : छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड कुनकुरी के कार्यपालन अभियंता द्वारा ‘‘बिजली लाईन की खराबी के कारण अंधेरे में डूबा गांव‘‘ प्रकाशन खबर के संबंध में जानकारी देते हुए अवगत कराया गया है कि फरसाबहार के जामबहार में 11 खंभों में लगे हुए खराब एबी केबल को विद्युत विभाग द्वारा बदलकर नया लगा दिया गया है। एक साथ 11 खंभों में खराब केबल को सुधार करने में समय लगता है। किन्तु तत्परता बरतते हुए नया केबल लगाकर जामबहार नगरटोली में विद्युत विभाग द्वारा 03 अप्रैल 2026 को लाईन चालू कर दी गई है।

  • जशपुर में बर्ड फ्लू अलर्ट: जिलेभर में 9 रेपिड रिस्पॉन्स टीम गठित, प्रशासन सतर्क

    जशपुर में बर्ड फ्लू अलर्ट: जिलेभर में 9 रेपिड रिस्पॉन्स टीम गठित, प्रशासन सतर्क

    जशपुर : जशपुर जिले में बर्ड फ्लू (एविएन एनफ्लुएंजा) की स्थिति को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर श्री रोहित व्यास के मार्ग दर्शन में प्रभावी नियंत्रण एवं रोकथाम हेतु 01 जिला तथा 08 विकासखण्ड स्तरीय रेपिड रिपोंस टीम का गठन किया गया है। इस दल का मुख्य उद्देश्य बर्ड फ्लू के संभावित प्रकोप की स्थिति में त्वरित कार्यवाही करते हुए संक्रमण को नियंत्रित करना एवं आम जन तथा पशुधन की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

    गठित आरआरटी में जिला पशु रोग अन्वेषण प्रयोगशाला के प्रभारी डॉ. सी.एस. चन्द्राकर, अतिरिक्त उप संचालक को टीम प्रभारी बनाया गया है। जिला प्रशासन द्वारा आम नागरिकों से अपील है कि किसी भी प्रकार की असामान्य पक्षी की मृत्यु अथवा बीमारी की सूचना तत्काल अपने निकटतम पशु चिकित्सा संस्थान को देवें एवं अफवाहों से बचें।

  • छत्तीसगढ़ के युवाओं के लिए सुनहरा मौका: IIM रायपुर से फ्री MBA, हर महीने ₹50,000 स्टाइपेंड…पढ़ें विस्तार से..!

    छत्तीसगढ़ के युवाओं के लिए सुनहरा मौका: IIM रायपुर से फ्री MBA, हर महीने ₹50,000 स्टाइपेंड…पढ़ें विस्तार से..!

    मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप (CMGGF) : दो वर्षीय एमबीए इन पब्लिक पॉलिसी एंड गवर्नेंस कोर्स

     IIM के प्रतिनिधि जिले के सभी कालेजों में  बच्चों को कोर्स के संबंध में दे रहे जानकारी

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के सुशासन में जशपुर के होनहार बच्चे दो वर्ष का कर सकेंगे कोर्स

    कोर्स निःशुल्क होगा, बच्चों की फीस छत्तीसगढ़ शासन द्वारा वहन किया जाएगा

    प्रवेश लेने वाले विघार्थियों को मिलेगा प्रत्येक माह 50 हजार की छात्रवृत्ति

    जशपुर :  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन में,भारतीय प्रबंध संस्थान रायपुर (IIM Raipur) के प्रतिनिधि बिनॉय टी एवं एस.एन. मंडल द्वारा जशपुर सहित छत्तीसगढ़ के उत्तरी जिलों का दौरा किया जा रहा है। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य “मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप (CMGGF)” के अंतर्गत संचालित दो वर्षीय एमबीए इन पब्लिक पॉलिसी एंड गवर्नेंस का कोर्स कार्यक्रम का व्यापक प्रचार-प्रसार करना है, जो कि IIM रायपुर एवं छत्तीसगढ़ शासन के सहयोग से संचालित किया जा रहा है।

    इस दौरे के दौरान प्रतिनिधियों द्वारा विभिन्न इंजीनियरिंग महाविद्यालयों एवं स्नातक महाविद्यालयों का भ्रमण किया जाएगा। इस दौरान विद्यार्थियों को कार्यक्रम की विशेषताओं, पात्रता, एवं आवेदन प्रक्रिया के संबंध में जानकारी प्रदान की जाएगी। साथ ही, अधिक से अधिक युवाओं तक जानकारी पहुंचाने के लिए पंपलेट वितरण भी किया जाएगा।

    उक्त कार्यक्रम के अंतर्गत चयनित अभ्यर्थियों की संपूर्ण फीस छत्तीसगढ़ शासन द्वारा वहन की जाएगी तथा प्रति माह ₹50,000 का आकर्षक  छात्रवृत्ति भी प्रदान किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, अभ्यर्थियों को IIM रायपुर में कक्षा शिक्षण के साथ-साथ राज्य शासन के साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण का अवसर भी प्राप्त होगा।

    यह कार्यक्रम विशेष रूप से छत्तीसगढ़ के मूल निवासी अभ्यर्थियों के लिए उपलब्ध है तथा इसमें राज्य शासन की आरक्षण नीति लागू होगी। इच्छुक अभ्यर्थी अधिक जानकारी एवं आवेदन हेतु IIM रायपुर की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर निर्धारित तिथि तक आवेदन कर सकते हैं। IIM रायपुर की टीम द्वारा जशपुर के सभी विकास खंडों के कालेज का भ्रमण करके विद्यार्थियों को कोर्स के संबंध में जानकारी दी जा रही है।

  • कुनकुरी में भाजपा स्थापना दिवस पर दिखा जोश: CM विष्णुदेव साय ने फहराया ध्वज, कार्यकर्ताओं में जोश और संगठन शक्ति का प्रदर्शन

    कुनकुरी में भाजपा स्थापना दिवस पर दिखा जोश: CM विष्णुदेव साय ने फहराया ध्वज, कार्यकर्ताओं में जोश और संगठन शक्ति का प्रदर्शन

    कुनकुरी : भारतीय जनता पार्टी के स्थापना दिवस के अवसर पर कुनकुरी में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने पार्टी का ध्वज फहराया और उपस्थित कार्यकर्ताओं को संबोधित किया।मुख्यमंत्री श्री साय ने अपने उद्बोधन में भाजपा के मूल सिद्धांतों, राष्ट्र सेवा और संगठन की मजबूती पर जोर देते हुए कहा कि पार्टी हमेशा जनकल्याण और देशहित के लिए समर्पित रही है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से संगठन को और अधिक मजबूत बनाने तथा आम जनता की सेवा में निरंतर लगे रहने का आह्वान किया।

    इस अवसर पर स्थानीय जनप्रतिनिधि, भाजपा पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान पूरे क्षेत्र में उत्साह और संगठन के प्रति समर्पण का माहौल देखने को मिला।

  • कुनकुरी में राममय हुआ वातावरण: श्रीराम कथा में शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, संत चिन्मयानंद बापू के श्रीमुख से अमृतमयी कथा सुन उमड़ा जनसैलाब

    कुनकुरी में राममय हुआ वातावरण: श्रीराम कथा में शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, संत चिन्मयानंद बापू के श्रीमुख से अमृतमयी कथा सुन उमड़ा जनसैलाब

    प्रभु श्रीराम कथा में श्रद्धाभाव से शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

    परम पूजनीय संत चिन्मयानंद बापूजी के श्रीमुख से श्रीराम कथा का हो रहा दिव्य एवं भावपूर्ण वाचन

    रामकथा की अमृतमयी धारा में सराबोर हुआ जनमानस, कथा का रसपान करने उमड़ रही है श्रद्धालुओं की भारी भीड़

    जशपुर :  कुनकुरी में आयोजित भव्य संगीतमय श्रीराम कथा महोत्सव ने जन-जन के हृदय में श्रद्धा, आस्था और भक्ति का अद्भुत संचार कर पूरे वातावरण को राममय बना दिया है। परम पूजनीय संत चिन्मयानंद बापूजी के श्रीमुख से अमृतमयी श्रीराम कथा का रसपान करने हेतु आज पंचम दिवस पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आयोजन स्थल सालियाटोली मिनी स्टेडियम ग्राउंड पहुँचे। इस अवसर पर उनकी धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय भी साथ थी। मुख्यमंत्री एवं उनकी धर्मपत्नी ने संत चिन्मयानंद बापूजी से आशीर्वाद ग्रहण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने अपने वक्तव्य में भगवान श्री राम के आदर्श जीवन और चरित्र का वर्णन करते हुए उसे अपने जीवन में आत्मसात करने का सार्थक संदेश भी दिया।

    छत्तीसगढ़ की धरती के कण-कण में बसे हैं भगवान श्रीराम : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

    मुख्यमंत्री ने कुनकुरी में प्रभु श्रीराम कथा रसपान के इस पावन आयोजन में व्यासपीठ पर विराजमान परम पूज्य संत श्री चिन्मयानंद बापू जी को सादर नमन किया और कहा कि आज कुनकुरी की यह पावन धरा धन्य हो गई है। सलियाटोली का यह स्टेडियम श्रीराम कथा के रसपान से साक्षात श्रीराम का धाम बन गया है। चारों तरफ ‘जय श्री राम‘ की गूंज सुनाई दे रही है। भक्ति का ऐसा संगम देखकर मन गदगद है। उन्होंने कहा कि प्रभु श्रीराम का छत्तीसगढ़ से बहुत गहरा रिश्ता है। छत्तीसगढ़ माता कौशल्या की धरती है। यह भगवान श्रीराम का ननिहाल है। जहाँ भांजे के रूप में भगवान श्रीराम घर-घर में पूजे जाते हैं। जब भगवान श्रीराम को 14 वर्ष का वनवास हुआ, तब उन्होंने अपना सबसे अधिक समय इसी दंडकारण्य व छत्तीसगढ़ के जंगलों में बिताया। यहाँ के कण-कण में राम व्याप्त हैं। वनवास के समय के यहां पर सीता रसोई जैसे कई निशाना मौजूद हैं। यहाँ की मिट्टी में राम की खुशबू है। यह हम सब का सौभाग्य है कि हमने उस कालखंड में जन्म लिया, जब अयोध्या में भगवान श्रीराम फिर से प्रतिष्ठित हुए हैं। श्रीराम की प्राण प्रतिष्ठा ने भारत को पूरी दुनिया में गौरवान्वित किया। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के दृढ़ संकल्प से यह संभव हो सका है। प्रधानमंत्री ने वादा किया था कि हम प्रभु श्रीराम के ननिहाल के श्रद्धालुओं को श्रीराम लला के दर्शन कराएंगे। सरकार बनते ही श्री रामलला दर्शन योजना शुरू की है। अभी तक लगभग 42 हजार भक्त रामलला के दर्शन कर चुके हैं।

     मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि भगवान श्रीराम भारतीय जनमानस के कण-कण में विराजमान हैं। जांजगीर क्षेत्र में तो प्रभु श्रीराम की भक्ति विशेष रूप से दिखाई देती है, जहां रामनामी समुदाय के लोग अपने रोम-रोम में राम का नाम बसाए हुए हैं। वे अपनी आस्था और समर्पण का अद्भुत उदाहरण प्रस्तुत करते हुए अपने पूरे शरीर पर राम-राम का गोदना अंकित कराते हैं। उन्होंने कहा कि रामलला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए भगवान राम के ननिहाल छत्तीसगढ़ से 300 मीट्रिक टन सुगंधित चावल और 100 टन से अधिक हरी सब्जियां भेजी गई थीं। यह विशेष भोग, ननिहाल के प्रेम और 500 वर्षों के संघर्ष के बाद प्रभु की स्थापना के उपलक्ष्य में भेजा गया था। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ से गई डॉक्टरों की टीम एवं मेडिकल स्टाफ ने अयोध्या में राम भक्तों के लिए स्वास्थ्य जांच और उपचार की सेवाएं प्रदान करने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार ने अवैध धर्मांतरण को रोकने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ में धर्म स्वातंत्र्य कानून लागू किया है। इस कानून में शामिल कड़े प्रावधानों के माध्यम से निश्चित रूप से अवैध धर्मांतरण पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकेगा। इस दौरान जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री यश प्रताप सिंह जूदेव, श्रीमती संयोगिता सिंह जूदेव, श्री सुनील गुप्ता, श्री उपेंद्र यादव, श्री सुनील अग्रवाल, कलेक्टर श्री रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक कुमार, वनमण्डलाधिकारी श्री शशि कुमार सहित भारी संख्या में श्रद्धालुजन भी मौजूद रहे।

    02 अप्रैल से प्रारंभ हुई श्रीराम कथा की पावन भक्तिधारा 08 अप्रैल तक निरंतर होती रहेगी प्रवाहित

    परम पूजनीय संत चिन्मयानंद बापूजी के श्रीमुख से 02 अप्रैल से प्रारंभ हुई श्रीराम कथा की पावन भक्तिधारा 08 अप्रैल तक निरंतर प्रवाहित होती रहेगी। इस दिव्य आयोजन में दूर-दराज के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचकर कथा का रसपान कर रहे हैं। श्रीराम कथा महोत्सव को लेकर कुनकुरी सहित आसपास के समूचे क्षेत्र में गहरा धार्मिक और आध्यात्मिक वातावरण निर्मित हो गया है। श्रद्धालुजन अत्यंत उत्साह, श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ कथा श्रवण कर प्रभु श्रीराम के आदर्शों को अपने जीवन में उतारने का संकल्प ले रहे हैं।

  • कुनकुरी में 8 अप्रैल को लगेगा दिव्यांगजन यूडीआईडी शिविर: प्रमाण पत्र निर्माण और नवीनीकरण के लिए सुनहरा अवसर, प्रशासन ने जारी किए आवश्यक दिशा-निर्देश

    कुनकुरी में 8 अप्रैल को लगेगा दिव्यांगजन यूडीआईडी शिविर: प्रमाण पत्र निर्माण और नवीनीकरण के लिए सुनहरा अवसर, प्रशासन ने जारी किए आवश्यक दिशा-निर्देश

    जशपुर : कलेक्टर रोहित व्यास के निर्देशानुसार दिव्यांगजन प्रमाणीकरण तथा यूडीआईडी शिविर का आयोजन 08 अप्रैल 2026 को कुनकुरी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में प्रातः 11.00 बजे किया जा रहा है।

    शिविर में जनपद पंचायत कुनकुरी अन्तर्गत समस्त दिव्यांगजनो का प्रमाणीकरण तथा पूर्व में जारी प्रमाण पत्र का नवीनीकरण किया जावेगा। उक्त शिविर में आधार कार्ड, दिव्यांगता प्रमाण पत्र, आधार नम्बर में रजिस्टर्ड मोबाईल जिसमें ओटीपी आता हो, फोटोग्राफ जिसमें दिव्यांगता प्रदर्शित हो, जैसे आवश्यक दस्तावेजों के साथ उपस्थित होकर शिविर का लाभ ले सकेंगे। यदि आधार से लिंक मोबाईल नंबर अपडेट करने की आवश्यकता है तो पूर्व से ही आधार केन्द्र में मोबाईल नंबर अपडेट करवाना होगा।