माँ का पहला दूध है नवजात का सबसे बड़ा सुरक्षा कवच! प्रदेशभर में शुरू हुआ विश्व स्तनपान सप्ताह, स्वास्थ्य विभाग का विशेष अभियान

माँ के दूध से स्वस्थ जीवन की मजबूत शुरुआत, प्रदेशभर में विश्व स्तनपान सप्ताह की शुरुआत जन्म के पहले घंटे में स्तनपान और पहले छह माह तक केवल मां का दूध पिलाने पर विशेष जोर, स्वास्थ्य संस्थानों में जागरूकता गतिविधियां जारी रायपुर : हर नवजात को जीवन की स्वस्थ और सुरक्षित शुरुआत मिले, इसी उद्देश्य के साथ प्रदेशभर में विश्व स्तनपान सप्ताह की शुरुआत हो गई है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा सप्ताहभर अस्पतालों, सामुदायिक एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, स्वास्थ्य एवं कल्याण केंद्रों तथा समुदाय स्तर पर विविध जागरूकता गतिविधियों का आयोजन…

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टीबी के खिलाफ जशपुर में महाअभियान! दूरस्थ पीवीटीजी गांवों में घर-घर पहुंचकर मरीजों को मिल रही पोषण सहायता और इलाज

प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत पीवीटीजी क्षेत्रों में पोषण सहायता एवं जागरूकता अभियान जारी जशपुर : प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत जशपुर जिले के दूरस्थ पीवीटीजी क्षेत्रों में टीबी मरीजों की शीघ्र पहचान, नियमित उपचार, पोषण सहायता एवं स्वास्थ्य जागरूकता के लिए विशेष अभियान संचालित किया जा रहा है।  जिले के सभी पीवीटीजी टीबी मरीजों को गोद लेकर उन्हें उपचार अवधि में नियमित निक्षय पोषण आहार किट एवं आवश्यक सहयोग प्रदान किया जा रहा है। 01 अगस्त 2026 को बगीचा विकासखंड के ग्राम गायबुड़ा, महादेवजोबला, रोकड़ापाठ…

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मलेरिया पर सबसे बड़ा वार! जंगलों में उतरी स्वास्थ्य विभाग की टीम, संवेदनशील वनांचलों में घर-घर जांच, 24 घंटे के भीतर इलाज और हर संदिग्ध मरीज पर कड़ी निगरानी के निर्देश

मलेरिया के खिलाफ जंगलों में उतरा स्वास्थ्य महकमा, संवेदनशील इलाकों की परखी तैयारियां कोटा एवं लोरमी के वनांचल क्षेत्रों का मैदानी निरीक्षण, शत-प्रतिशत सर्विलांस, त्वरित जांच और उपचार सुनिश्चित करने के दिए निर्देश रायपुर : प्रदेश में वर्षा ऋतु के दौरान मलेरिया एवं अन्य वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए स्वास्थ्य विभाग ने संवेदनशील वनांचल क्षेत्रों में निगरानी एवं नियंत्रण गतिविधियों को और अधिक सुदृढ़ किया है। इसी क्रम में राज्य स्तरीय अधिकारियों ने बिलासपुर जिले के कोटा विकासखंड तथा मुंगेली जिले के लोरमी विकासखंड के…

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बेटियों की सुरक्षा की ओर बड़ा कदम! छत्तीसगढ़ में 1.49 लाख से अधिक किशोरियों का एचपीवी टीकाकरण, सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग का व्यापक अभियान

बेटियों की सेहत को मिला सबसे बड़ा सुरक्षा कवच प्रदेश में 1.49 लाख किशोरियों को लगा एचपीवी टीका, सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम की दिशा में अहम उपलब्धि रायपुर : सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के खिलाफ छत्तीसगढ़ में बचाव की मजबूत नींव तैयार हो रही है। केंद्र सरकार के एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) टीकाकरण कार्यक्रम के अंतर्गत प्रदेश की 1.49 लाख से अधिक किशोरियों को एचपीवी वैक्सीन लगाई जा चुकी है। यह टीका भविष्य में सर्वाइकल कैंसर के खतरे को काफी हद तक कम करने में प्रभावी है। यही कारण…

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अब नहीं बिकेगा ‘नकली पनीर’! उपभोक्ताओं की सेहत से खिलवाड़ करने वालों पर सरकार का बड़ा एक्शन, एनालॉग डेयरी उत्पादों पर तत्काल प्रतिबंध, उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी

नकली डेयरी उत्पादों पर सख्त कार्रवाई: एनालॉग पनीर के निर्माण और बिक्री पर तत्काल रोक उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए शासन का बड़ा निर्णय, खाद्य कारोबार संचालकों से नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील रायपुर : उपभोक्ताओं को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने की दिशा में राज्य शासन ने महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए एनालॉग पनीर तथा अन्य डेयरी एनालॉग उत्पादों के निर्माण, प्रसंस्करण, भंडारण, परिवहन, वितरण और विक्रय पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया है। इस संबंध में लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण…

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सालों की खामोशी टूटी, अब सुनाई देंगी दुनिया की आवाज़ें! चिरायु योजना की पहल से एम्स रायपुर में सफल कॉक्लियर इम्प्लांट, नन्हीं जीविका को मिली सुनने और बोलने की नई उम्मीद

खामोशी में बीत रहा था बचपन, अब सुनाई देंगी दुनिया की आवाजें राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की पहल से डुंडेरा की जीविका का एम्स रायपुर में सफल कॉक्लियर इम्प्लांट, डोंगरगढ़ की आरबीएसके टीम बनी उम्मीद की कड़ी रायपुर : अब तक जिस दुनिया को नन्हीं जीविका सिर्फ देखती थी, अब उसे वह सुन भी सकेगी। राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ विकासखंड के ग्राम डुंडेरा की इस बच्ची के लिए राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (चिरायु) किसी नई जिंदगी की शुरुआत बनकर आया है। जन्मजात श्रवण बाधिता के कारण जीविका सामान्य बच्चों की…

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पारंपरिक खेती छोड़ अपनाई हाईटेक तकनीक, 55% सरकारी अनुदान ने बदल दी किसान की किस्मत—ड्रिप सिंचाई से लागत घटी, उत्पादन और मुनाफा दोनों बढ़े

सूक्ष्म सिंचाई योजना से खेती बनी अधिक लाभकारी, ड्रिप सिंचाई अपनाकर किसान ने बढ़ाया सब्जी उत्पादन 55 प्रतिशत अनुदान से स्थापित की ड्रिप सिंचाई प्रणाली, कम पानी में बढ़ा उत्पादन और आय रायपुर : मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार किसानों को आधुनिक एवं वैज्ञानिक खेती के लिए निरंतर प्रोत्साहित कर रही है। कृषि एवं उद्यानिकी विभाग की विभिन्न योजनाओं के माध्यम से किसानों को नई तकनीकों से जोड़कर उनकी आय बढ़ाने के प्रभावी प्रयास किए जा रहे हैं। इन्हीं प्रयासों के तहत संचालित सूक्ष्म सिंचाई योजना…

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रबी में वर्षों तक खाली रहने वाला खेत बना सोना उगलने वाली जमीन! प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना से मिली मदद, सरसों की लहलहाती फसल ने किसान बलदेव राजवाड़े की बदल दी तस्वीर

सफलता की कहानी : कृषक बलदेव राजवाड़े को प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना का मिला लाभ, सरसों की अच्छी खेती से किसान हुआ खुश जशपुर : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के मंशानुरूप जिले के कृषकों को कृषि विभाग के विभिन्न योजनाओं से निरंतर लाभान्वित किया जा रहा है। इसी कड़ी में प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना अंतर्गत घटक नेशनल मिशन ऑन एडिबल ऑइल (तिलहन) योजना के तहत बगीचा विकासखण्ड के ग्राम सुलेसा निवासी किसुन राजवाड़े को सरसों बीज कृषि विभाग से अनुदान में प्रदाय किया। कृषक श्री राजवाड़े ने 1 हे.…

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अब नहीं बिकेगा ‘नकली पनीर’! छत्तीसगढ़ सरकार का बड़ा फैसला, दूध की जगह वनस्पति तेल से बने भ्रामक डेयरी उत्पादों पर एक साल की रोक

छत्तीसगढ़ में अमानक पनीर और डेयरी एनालॉग उत्पादों पर लगा प्रतिबंध स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने की थी घोषणा रायपुर : राज्य सरकार ने अमानक दुग्ध उत्पादों पर सख्त कार्रवाई करते हुए बड़ा फैसला लिया है। लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार, छत्तीसगढ़ की पूरी सीमा में ऐसे “डेयरी एनालॉग” या गैर-दुग्ध उत्पादों के निर्माण, प्रसंस्करण, भंडारण, परिवहन, वितरण और विक्रय पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई है, जो असली दूध उत्पाद होने का भ्रम पैदा करते हैं। खाद्य सुरक्षा और…

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किसानों के लिए बड़ी चेतावनी! सिर्फ 31 जुलाई तक मिलेगा फसल बीमा का लाभ, चूक गए तो नुकसान की भरपाई मुश्किल

31 जुलाई तक कराएं बागवानी फसलों का बीमा जोखिम से फसलों को मिलेगी आर्थिक सुरक्षा जशपुर : खरीफ मौसम में उत्पादित होने वाली बागवानी फसलों को बेमौसम मौसम से होने वाले नुकसान से सुरक्षित रखने के उद्देश्य से पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना संचालित की जा रही है। सहायक संचालक उद्यान करण सोनकर ने बताया कि योजना के तहत किसान अपनी फसलों का बीमा 31 जुलाई 2026 तक करा सकते हैं। उन्होंने किसानों से अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना समय रहते बीमा कराने की अपील की है। उन्होंने…

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