अवैध अप्रवासियों, बिना सूचना के रह रहे किराएदारों की चेकिंग, प्रातः शारदापारा छावनी, केएलसी खुर्सीपार एवं जोन-3 खुर्सीपार में पुलिस का व्यापक अभियान.
589 व्यक्तियों, इनके दस्तावेजों की जांच की गई, 154 व्यक्तियों के फिंगर–प्रिंट लेकर तैयार किया जा रहा है डाटाबेस
दुर्ग. 10 मई 2025 : छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में अवैध अप्रवासियों और बिना सूचना के रह रहे किराएदारों के विरूद्ध पुलिस ने सघन चेकिंग अभियान चलाया। 10 मई 2025 को प्रातः छावनी थाना क्षेत्र के शारदापारा, केएलसी खुर्सीपार एवं जोन-3 खुर्सीपार में लगभग 589 व्यक्तियों के दस्तावेजों की जांच की गई। इनमें से 154 व्यक्तियों के फिंगर-प्रिंट लेकर डाटाबेस तैयार किया जा रहा है। यह कार्यवाही बाहरी अपराधियों की पहचान एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने की दिशा में दुर्ग पुलिस की बड़ी पहल मानी जा रही है।
आज दिनांक 10 मई 2025 को प्रातः थाना छावनी के शारदा पारा, खुर्सीपार के के.एल.सी. एवं जोन-3 में किराए से निवास करने वाले व्यक्तियों एवं बिना सूचना के रह रहे अवैध अप्रवासियों की जांच की गयी।

शारदापारा छावनी में श्री सत्य प्रकाश तिवारी, नगर पुलिस अधीक्षक भिलाई नगर के नेतृत्व में लगभग 200 व्यक्तियों की इनके आधार कार्ड एवं अन्य दस्तावेजों की जांच की गई, जिसमें पश्चिम बंगाल, किशनगंज बिहार, झारखण्ड से आकर लोग किराए का मकान लेकर रहना पाया गया। जांच के उपरांत 70 व्यक्तियों के फिंगर-प्रिंट लिए गए।
के.एल.सी. खुर्सीपार में श्री हरीश पाटिल, नगर पुलिस अधीक्षक, छावनी एवं जोन-3, खुर्सीपार में श्री हेम प्रकाश नायक, उप अधीक्षक के नेतृत्व में 389 नागरिकों की, इनके आधार कार्ड एवं अन्य दस्तावेजों की जांच की गयी। जांच के उपरांत 74 व्यक्तियों के फिंगर-प्रिंट लिए गए।
बाहरी अपराधिक प्रवृत्ति के लोग एवं अवैध अप्रवासी नागरिक जो अपनी पहचान छिपा कर किराए का मकान लेकर निवास कर रहे हैं तथा औद्योगिक इकाईयों, भिलाई इस्पात संयंत्र में ठेका श्रमिक के रूप में काम कर रहे हैं, ऐसे व्यक्तियों की पहचान हेतु इनके आधार कार्ड, राशन कार्ड, परिचय-पत्र आदि चेक किए गए, क्रास वेरिफिकेशन किया गया, कुल 589 व्यक्तियों की जांच कर 144 व्यक्तियों के फिंगर-प्रिंट लिए गए।
दुर्ग पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि उनके यहां जो भी किराएदार निवास कर रहे हैं, किराएदार फार्म नजदीकी थाना/चौकी से प्राप्त कर किराएदार का पूर्ण विवरण मय दस्तावेजों (आधार कार्ड/वोटर आईडी/पहचान पत्र/राशनकार्ड) के साथ संबंधित थाना/चौकी में अनिवार्य रूप से जमा करें। जानकारी नहीं दिए जाने की स्थिति में एवं किराएदार की किसी भी मामलें में संलिप्तता पाए जाने पर किराएदार के साथ-साथ मकान मालिक के विरुद्ध विधिसम्मत कार्यवाही की जाएगी।
