थाना नारायणपुर क्षेत्रांतर्गत छेड़-छाड़ व दुष्कर्म के मामले में जशपुर पुलिस की त्वरित कार्यवाही, , सूचना के चंद घंटों में 09 आरोपियों को लिया हिरासत में, मामला थाना नारायणपुर क्षेत्रांतर्गत का.
प्रकरण की संवेदनशीलता को देखते हुए, डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर ने आरोपियों की धर-पकड़ हेतु बनाई थी पुलिस की चार विशेष टीम
पुलिस टीम ने सूचना के चंद घंटों में सभी संदिग्धों को ढूंढ कर धर दबोचा.
आरोपियों के विरुद्ध थाना नारायणपुर में बीएनएस की धारा 137,87,96,64,65(1),70(1), 70(2)127(2),व351(2) तथा 5,6, पॉस्को एक्ट के तहत् अपराध पंजीबद्ध.
नाम आरोपी क्रमशः – मुख्य आरोपी -01. नीरज लकड़ा उम्र 23 वर्ष, 02. 17 वर्षीय विधि से संघर्षरत बालक, सहयोगी क्रमशः- 3. समीर मिंज उम्र 28 वर्ष, 4. तेलेस्फोर मिंज उम्र 40 वर्ष, 5. आनंद मिंज 38 वर्ष, 6. रितेश कुमार टोप्पो उम्र 29 वर्ष, 7. सुनीत तिर्की उम्र 30 वर्ष, 8. अविनाश तिर्की उम्र 25 वर्ष, 9. सत्या मिंज उम्र 24 वर्ष.
जशपुर : थाना नारायणपुर क्षेत्र में नाबालिग बालिका से दुष्कर्म और छेड़छाड़ के गंभीर मामले में जशपुर पुलिस ने तत्परता और संवेदनशीलता का परिचय देते हुए चंद घंटों के भीतर 9 आरोपियों को हिरासत में ले लिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए जशपुर पुलिस ने चार विशेष टीमों का गठन किया। वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में हुई त्वरित कार्रवाई ने यह स्पष्ट कर दिया कि बच्चों और महिलाओं से जुड़े अपराधों पर पुलिस का रुख सख्त और शून्य सहनशीलता वाला है। सभी आरोपियों के विरुद्ध सख्त धाराओं के तहत अपराध पंजीबद्ध कर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार मामले का विवरण इस प्रकार है कि दिनांक 20 फरवरी 2026 को थाना नारायणपुर क्षेत्रांतर्गत एक ग्राम के प्रार्थी ने थाना में रिपोर्ट दर्ज कराया था कि उसकी 35 वर्षीय भतीजी व 13 वर्षीय बेटी, जो कि थाना नारायणपुर क्षेत्रांतर्गत ही एक ग्राम में प्रार्थी की दीदी के यहां, मेहमानी में गए हुए थे। वे दिनांक 17 फरवरी 2026 को मेहमानी से वापस थाना नारायणपुर क्षेत्रांतर्गत अपने गृह ग्राम में वापस लौट रहे थे, इसी दौरान शाम को रास्ते में एक चौक के पास नौ लड़कों के द्वारा प्रार्थी की भतीजी व नाबालिग बेटी के साथ छेड़-छाड़ की गई, जिससे भयभीत होकर प्रार्थी की भतीजी भाग कर घर आ गई व प्रार्थी को घटना के संबंध में बतायीं। जिस पर प्रार्थी अपनी भतीजी को लेकर घटना-स्थल पर गया, प्रार्थी द्वारा अपनी लड़की को आवाज देने व प्रार्थी व उसकी भतीजी को आता देख, आरोपीगण घटना-स्थल से भाग गए, तत्पश्चात प्रार्थी के द्वारा घटना-स्थल से अपनी 13 वर्षीय नाबालिग बेटी को लेकर घर लाया गया। उक्त घटना के दो दिवस पश्चात प्रार्थी की नाबालिग बेटी ने बताया कि उक्त घटना दिनांक को एक आरोपी के द्वारा प्रार्थी की नाबालिग बेटी को कुछ दूरी पर लेकर, उसके मना करने के बावजूद जबरन जमीन पर पटक कर दुष्कर्म किया गया है, अन्य आरोपी दूरी पर खड़े होकर घटना को देख रहे थे। जब गांव वालों को उक्त घटना के संबंध में पता चला, तब आरोपियों के द्वारा प्रार्थी को पैसा देकर, मामले को दबाने की बात कहते हुए, थाना नहीं जाने व जान से मारने की भी धमकी दी गई थी।
प्रार्थी की रिपोर्ट पर तत्काल थाना नारायणपुर में आरोपियों के विरुद्ध बीएनएस की धारा 137,87,96,64,65(1),70(1), 70(2),127(2) व 351(2) तथा 5,6, पॉस्को एक्ट के तहत् अपराध पंजीबद्ध कर जांच विवेचना में लिया गया। व पीड़िता का स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया।
चूंकि मामला नाबालिग बालिका से दुष्कर्म से संबंधित था, अतः मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह के द्वारा आरोपियों की धर-पकड़ हेतु चार टीम गठित की गई थी। टीम के द्वारा कार्यवाही करते हुए मामले से जुड़े 09 आरोपियों, जिसमें एक 17 वर्षीय विधि से संघर्षरत बालक भी है को हिरासत में लिया गया है।
पुलिस की पूछताछ पर आरोपियों के द्वारा अपराध स्वीकार कर लिया गया है व बालिग आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा जा रहा है तथा विधि से संघर्षरत बालक को बाल संप्रेषण गृह भेजा जावेगा।
इस प्रकरण की कार्यवाही व आरोपियों की गिरफ्तारी में निरीक्षक राकेश कुमार यादव, सहायक उपनिरीक्षक उमेश प्रभाकर, सहायक उपनिरीक्षक नरेश मिंज, सहायक उपनिरीक्षक अनिल कामरे, प्रधान आरक्षक छविकांत पैंकरा, प्रधान आरक्षक अनानियुस टोप्पो, प्रधान आरक्षक उमेश मिंज, प्रधान आरक्षक दामिनी टोप्पो, आरक्षक जितेन्द्र गुप्ता, आरक्षक नंदलाल यादव, आरक्षक अशोक कंसारी, आरक्षक अमित तिर्की, आरक्षक विमल टोप्पो, आरक्षक उमेश भारद्वाज की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
प्रकरण के बारे में डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह ने बताया कि थाना नारायणपुर क्षेत्रांतर्गत एक नाबालिग बालिका से दुष्कर्म के मामले में 09 आरोपियों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है, जिन्हें न्यायिक रिमांड पर भेजा जावेगा। बच्चों व महिलाओं से संबंधित अपराधों को लेकर जशपुर पुलिस अत्यंत संवेदनशील है, ऐसे मामलों में संलिप्त किसी को भी बख्शा नहीं जावेगा।
