अवैध रूप से अंग्रेजी शराब बिक्री किए जाने पर साइबर सेल अंबिकापुर एवं थाना लुंड्रा की बड़ी कार्यवाही.
आरोपी के कब्जे से 101 लीटर अंग्रेजी शराब एवं घटना में प्रयुक्त डस्टर वाहन कुल कीमत 509260/- रुपये जप्त कर की गई कार्यवाही.
अंबिकापुर : छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में अवैध शराब कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई ने हड़कंप मचा दिया है। साइबर सेल और लुंड्रा पुलिस की संयुक्त टीम ने एक सुनियोजित ऑपरेशन के तहत आरोपी को रंगे हाथों दबोचते हुए भारी मात्रा में अंग्रेजी शराब और एक लग्जरी वाहन जब्त किया। इस कार्रवाई ने न सिर्फ इलाके में अवैध शराब नेटवर्क की पोल खोल दी, बल्कि कानून व्यवस्था पर भी बड़ा संदेश दिया है।

मिली जानकारी के अनुसार मामले का विवरण इस प्रकार है कि दिनांक 29 को मुखबिर की सूचना मिली थी कि बहेराडीह का दया साहू नाम का व्यक्ति मध्य प्रदेश से भारी मात्रा में शराब लाकर अपने पुराने खंडहर हुए घर में रखा है एवं अपने कार में रखकर आसपास के क्षेत्र में बिक्री करता है, जिसकी सूचना पर पुलिस टीम मौके पर जाकर दबिश दी, जहां दया साहू अपनी डस्टर कार क्रमांक CG 11 MB 5170 में रोड की तरफ निकल रहा था, जिसे रोक कर नाम पूछने पर अपना नाम दया साहू बताया, चालक की गतिविधि संदिग्ध पाए जाने पर गाड़ी की तलाशी ली गई। गाड़ी के डिक्की में रखा आफ्टर डार्क व्हिस्की की 06 नग बोतल (750ml ) कार्टून डब्बे में गोवा लिखा अंग्रेजी शराब जिसमें 180 ML के कुल 300 नग कुल मात्रा 101.46 लीटर शराब कीमत 92060/- रूपये एवं घटना में प्रयुक्त डस्टर कार क्रमांक CG 11 MB 5170 पुलिस टीम द्वारा बरामद की गई है।
विवेचना के दौरान प्रकरण में आरोपी दया साहू द्वारा अंग्रेजी शराब का दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जाने एवं अवैध रूप से बिक्री किया जाना पाए जाने पर थाना लुण्ड्रा में अपराध क्रमांक 96/2026 धारा 34(2) आबकारी एक्ट पंजीबद्ध कर विवेचना के दौरान आरोपी दया साहू पिता स्वर्गीय अमीन साहब उम्र 52 वर्ष निवासी लुण्ड्रा जिला सरगुजा के कब्जे से 101.46 लीटर शराब कीमत 92060/- रूपये एवं घटना में प्रयुक्त डस्टर कार क्रमांक CG 11 MB 5170 के प्रकरण में कुल कीमत करीब 509260/- रूपये जप्त कर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
इस प्रकरण की संपूर्ण कार्यवाही में सहायक उपनिरीक्षक अजीत कुमार मिश्रा, सहायक उपनिरीक्षक शिवचरण साहू, प्रधान आरक्षक महेश कुमार, प्रधान आरक्षक जयदीप सिंह, प्रधान आरक्षक विकाश सिन्हा, प्रधान आरक्षक भोजराज पासवान, आरक्षक मनीष सिंह, आरक्षक अमन पूरी, आरक्षक इब्नुल खान, आरक्षक बालेश्वर सिंह, आरक्षक राजकुमार यादव की सक्रिय भूमिका रही है।
