अपहृत बालिका को रायपुर से बरामद करने में मिली सफलता, सरगुजा पुलिस की कार्यवाही से परिजनों ने ली राहत की सांस.
थाना मणिपुर पुलिस टीम ने आरोपी के ठिकाने पर दबिश देकर कब्जे से बालिका को बरामद कर परिजनों को सौंपा,
अंबिकापुर : सरगुजा पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए अपहृत नाबालिग बालिका को रायपुर से सकुशल बरामद कर परिजनों को बड़ी राहत दी है। लगातार पतासाजी और मुखबीर की सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने आरोपी के ठिकाने पर दबिश देकर बालिका को सुरक्षित मुक्त कराया। इस कार्रवाई के बाद परिवार ने राहत की सांस ली और पुलिस की कार्यवाही की सराहना की।
प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रकरण का विवरण इस प्रकार है कि प्रार्थी ने थाना मणिपुर में रिपोर्ट दर्ज कराया था कि उसकी नाबालिग लड़की दिनांक 17 फरवरी 2026 को 14:30 बजे बिलासपुर चौक जाने की बात बोलकर घर से निकली और देर शाम तक घर वापस नहीं आई। प्रार्थी के आस-पड़ोस एवं रिश्तेदारों में पता नहीं चला। प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना मणिपुर में अपराध क्रमांक – 47/2026 धारा 137(2), 64(2)N, बीएनएस (BNS) एवं पॉक्सो एक्ट की धारा 4,6, पंजिबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
विवेचना के दौरान पुलिस टीम द्वारा अपहृत बालिका की लगातार पतासाजी की जा रही थी। मुखबीर से मिली सूचना पर पुलिस टीम ने किसान राईस मिल, बिरगांव, उरला जिला – रायपुर में आरोपी विजय पोर्ते के ठिकाने पर दबिश दी गई, जहां आरोपी के कब्जे से अपहृत बालिका को भी बरामद किया गया, घटना के संबंध में आरोपी से पूछताछ करने पर जुर्म स्वीकार किया। आरोपी के विरूद्ध अपराध सबूत पाए जाने से आरोपी विजय पोर्ते पिता अमृत पोर्ते उम्र 24 वर्ष निवासी पटोरा खालपारा थाना लुंड्रा को मेडिकल परीक्षण उपरांत दिनांक 17 मई 2026 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा गया है।
इस प्रकरण की संपूर्ण कार्यवाही में थाना प्रभारी उपनिरीक्षक सी.पी. तिवारी, सहायक उपनिरीक्षक अनिल पाण्डेय, महिला प्रधान आरक्षक मालती तिवारी, अनील सिंह, उमाशंकर साहू, रमाशंकर यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
