₹50 हजार का कर्ज, 72,500 रुपये ब्याज चुकाने के बाद भी मांगे जा रहे थे ₹1.50 लाख! दुर्ग में कथित अवैध ब्याज वसूली और धमकी के मामले में दो महिलाएं गिरफ्तार, तलाशी में ₹3.79 लाख नकद, ब्लैंक चेक और स्टाम्प पेपर बरामद

थाना वैशालीनगर पुलिस की बड़ी कार्रवाई — अवैध रूप से अत्यधिक ब्याज वसूली एवं धमकी देने के मामले में 02 महिला आरोपी गिरफ्तार ।

ब्याज के नाम पर रकम वसूलने के बाद भी अतिरिक्त राशि की मांग कर प्रार्थिया एवं उसकी सहेली को कथित रूप से किया जा रहा था प्रताड़ित ।

ब्लैंक चेक एवं कोरे स्टाम्प पेपर के माध्यम से दबाव बनाने तथा जान से मारने की धमकी देने का आरोप ।

आरोपियों के कब्जे एवं संबंधित मकान की तलाशी से ₹3,79,900 नगद सहित ब्याज वसूली से संबंधित दस्तावेज बरामद ।

ब्याज के लेन-देन का हिसाब रखने वाली डायरी, ब्लैंक चेक एवं कोरे स्टाम्प पेपर जप्त ।

गिरफ्तार आरोपी बबली साहू उर्फ बबली निरंजन के विरुद्ध थाना सुपेला में पूर्व में भी कर्जा एक्ट सहित अन्य धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज ।

दुर्ग : दिनांक 27.10.2026 को प्रार्थिया पूनम मनोज कुमार, निवासी वैशालीनगर, जिला दुर्ग द्वारा थाना वैशालीनगर में रिपोर्ट दर्ज कराई गई कि ब्याज पर रकम देने के बाद आरोपियों द्वारा मनमाने तरीके से ब्याज वसूलने, अतिरिक्त रकम की मांग करने तथा रकम देने में विलंब होने पर गाली-गलौज एवं जान से मारने की धमकी देकर दबाव बनाया जाता था।

प्रार्थिया के अनुसार, वर्ष 2024 में उसने ₹50,000 की रकम ब्याज पर ली थी तथा सुरक्षा के रूप में ब्लैंक चेक एवं कोरा स्टाम्प पेपर हस्ताक्षर कर दिया था। उसके द्वारा प्रति सप्ताह ₹2,500 के हिसाब से 29 सप्ताह में कुल ₹72,500 ब्याज के रूप में दिए जाने के बाद भी अतिरिक्त ₹1,50,000 की मांग की जा रही थी। रकम जमा करने में देरी होने पर प्रार्थिया एवं उसके परिवार को नुकसान पहुंचाने की धमकी देने का आरोप है।

इसी प्रकार प्रार्थिया की सहेली सुमिता तब्बोली ने भी ब्याज पर ₹1,00,000 लेने तथा प्रति सप्ताह ₹5,000 के हिसाब से 28 सप्ताह में कुल ₹1,40,000 भुगतान करने के बाद भी लगातार परेशान किए जाने एवं धमकी देने की शिकायत की।

प्रार्थिया की रिपोर्ट पर थाना वैशालीनगर में अपराध क्रमांक 402/2026, धारा 296, 308(5), 3(5) भारतीय न्याय संहिता (BNS) एवं धारा 4 कर्जा एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।

मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना वैशालीनगर पुलिस द्वारा आरोपियों से पूछताछ की गई तथा ब्याज वसूली से संबंधित दस्तावेजों एवं अन्य साक्ष्यों का संकलन किया गया।

विवेचना के दौरान अपराध से संबंधित साक्ष्य पाए जाने पर आरोपिया बबली साहू उर्फ बबली निरंजन एवं ज्योति निरंजन को 15:50 बजे गिरफ्तार किया गया। दोनों आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश करने की कार्रवाई की जा रही है।

गिरफ्तार आरोपियों का विवरण

बबली साहू उर्फ बबली निरंजन

उम्र:- लगभग 42 वर्ष

पता:- मस्जिद के पास, एसबीआई एटीएम के पीछे, कोहका, थाना सुपेला, जिला दुर्ग।

ज्योति निरंजन

उम्र:- लगभग 27 वर्ष

पता:- श्रमिक नगर, सड़क क्रमांक 28, वार्ड क्रमांक 8, थाना सुपेला, जिला दुर्ग।

जप्त सामग्री का विवरण :- पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, विवेचना एवं तलाशी के दौरान निम्न सामग्री जप्त की गई:

नगद राशि ₹99,900/- — आरोपी बबली साहू उर्फ बबली निरंजन के कब्जे से।

नगद राशि लगभग ₹2,80,000/- — सीमा यादव के मकान की तलाशी के दौरान।

ब्याज वसूली एवं लेन-देन के हिसाब-किताब से संबंधित डायरी।

विभिन्न बैंकों के ब्लैंक चेक।

कोरे स्टाम्प पेपर एवं कोरे चेक।

कुल बरामद नगद राशि: ₹3,79,900/-

पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड :- पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, आरोपी बबली साहू उर्फ बबली निरंजन के विरुद्ध थाना सुपेला, जिला दुर्ग में पूर्व में भी निम्न प्रकरण दर्ज हैं:

अपराध क्रमांक 138/2026 — धारा 296, 308(2), 3(5) BNS एवं धारा 4 कर्जा एक्ट।

अपराध क्रमांक 1138/2026 — धारा 296, 308(2), 351(2), 3(5) BNS एवं धारा 4 कर्जा एक्ट।

सराहनीय भूमिका :- इस प्रकरण में थाना वैशालीनगर पुलिस द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए शिकायत पर अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना की गई तथा संबंधित दस्तावेजों एवं साक्ष्यों के आधार पर दोनों महिला आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।

दुर्ग पुलिस की अपील :- दुर्ग पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि ब्याज पर रकम देने के नाम पर यदि कोई व्यक्ति अवैध रूप से अत्यधिक ब्याज की मांग करता है, धमकी देता है अथवा ब्लैंक चेक एवं कोरे स्टाम्प पेपर के माध्यम से दबाव बनाता है, तो इसकी सूचना तत्काल नजदीकी थाना अथवा पुलिस को दें।

ब्याज के लेन-देन से संबंधित दस्तावेज, भुगतान की रसीदें एवं बैंक रिकॉर्ड सुरक्षित रखें।

ब्लैंक चेक एवं हस्ताक्षरित कोरे स्टाम्प पेपर किसी के दबाव में न दें।

धमकी अथवा प्रताड़ना की स्थिति में पुलिस से तत्काल संपर्क करें।

अवैध ब्याज वसूली एवं धमकी से संबंधित शिकायतों को नजरअंदाज न करें तथा उपलब्ध साक्ष्य पुलिस को उपलब्ध कराएं।

दुर्ग पुलिस नागरिकों की सुरक्षा एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है।

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