थाना सन्ना क्षेत्र में 04-05 वर्षीय मासूम बालक की नृशंस हत्या का खुलासा आरोपी गिरफ्तार,
सोशल मीडिया पर अधिक पैसा कमाने के तरीके तलाशते हुए आरोपी के मन में आया छोटे बच्चों के शरीर के अंग निकालकर बेचने का विचार,
आरोपी ने मासूम बालक को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले जाकर शराब पिलाई तथा उसके नशे में सो जाने पर चाकू से गला रेतकर हत्या कर दी,
हत्या के बाद मृतक के सीने एवं पेट को काटकर किडनी, फेफड़ा एवं आंख निकालने की बात आरोपी ने अपने मेमोरेंडम कथन में बताई,
मृतक के शरीर से निकाले गए अंगों को प्लास्टिक की बाल्टी में रखा तथा शव को कंबल एवं गोधड़ी में लपेटकर बोरी में भर खेत के गड्ढे में मिट्टी से दबा दिया था,
बालक का शव ग्राम सन्ना में खेत के गड्ढे में बोरी के अंदर कंबल एवं गोधड़ी में लिपटा हुआ बरामद हुआ था,
आरोपी की निशानदेही पर मृतक बालक का शव, हत्या में प्रयुक्त चाकू, फावड़ा, प्लास्टिक की बाल्टी में रखे मृतक के शरीर से निकाले गए अंग एवं आरोपी का मोबाइल फोन बरामद कर जब्त किया गया,
पुलिस द्वारा मृतक बालक के शव का विधिवत पंचनामा तैयार कर डाॅक्टर से पोस्टमार्टम कराया गया,
सन्ना में अपराध क्रमांक 88/2026 धारा 137(1)(बी), 103(1), 238(ए) भारतीय न्याय संहिता के तहत अपराध पंजीबद्ध।
आरोपी का नाम:- बासुदेव उर्फ टंगनू उम्र 27 वर्ष, निवासी ग्राम चलनी गोर्रापाठ, थाना सन्ना जिला जशपुर छ.ग.
जशपुर : थाना सन्ना क्षेत्रांतर्गत ग्राम लोढ़ेनापाठ महुआ निवासी प्रार्थी रामजीत राम उम्र 36 साल ने दिनांक 07.11.2026 को थाना सन्ना में रिपोर्ट दर्ज कराया कि उसका 04-05 वर्षीय पुत्र जितेन्द्र राम दिनांक 05.11.2026 से लापता है। प्रार्थी ने बताया कि वह करीब 01 वर्ष पूर्व अपने परिवार के साथ मजदूरी करने ग्राम सन्ना आया था तथा आमटचुआ नदी डेम के पास बनी झोपड़ी में परिवार सहित रहता था। ग्राम गोर्रापाठ निवासी बासुदेव उर्फ टंगनू जो रिश्ते में प्रार्थी का ममेरा भाई है का उसके घर आना-जाना था।
प्रार्थी की रिपोर्ट के अनुसार दिनांक 05.11.2026 को सुबह करीब 09ः00 बजे आरोपी वासुदेव उर्फ टंगनू प्रार्थी के घर के पास आया और उसे तथा एक अन्य परिचित व्यक्ति को अपने साथ शराब पीने के लिए ले गया। शराब पीने के बाद प्रार्थी एवं अन्य व्यक्ति बस स्टैंड की ओर चले गए, जबकि आरोपी वहां से अपनी झोपड़ी की ओर चला गया। बाद में प्रार्थी जब अपनी झोपड़ी वापस आया तो उसका पुत्र जितेन्द्र वहां पर नहीं मिला। तलाश करने पर एक व्यक्ति ने बताया कि उसने जितेन्द्र को वासुदेव के साथ एक व्यक्ति के खेत की झोपड़ी की ओर जाते देखा था। प्रार्थी द्वारा आसपास के गांवों एवं खेतों में काफी तलाश की गई, किंतु बालक का पता नहीं चला।
दिनांक 07.11.2026 की सुबह प्रार्थी अपने परिजनों के साथ पुनः बालक की तलाश करते हुए सन्ना गांव के एक व्यक्ति के खेत की ओर गया। इसी दौरान गांव के ही एक व्यक्ति के खेत में मक्का बाड़ी की मेड़ के पास पानी से भरे गड्ढे में बोरी के अंदर कंबल एवं गोदरी में लिपटा हुआ बालक का शव मिट्टी से हल्का दबा हुआ मिला। प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना सन्ना में अपराध क्रमांक 88/2026 धारा 137(1)(बी), 103(1), 238(ए) भारतीय न्याय संहिता के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
पुलिस की कार्रवाई एवं आरोपी से पूछताछ:-
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए जशपुर पुलिस द्वारा तत्काल घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य संकलित किए गए। संदेही आरोपी बासुदेव उर्फ टंगनू उम्र 27 वर्ष, निवासी ग्राम चलनी गोर्रापाठ, थाना सन्ना को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह करीब 01 वर्ष पूर्व मजदूरी करने ग्राम सन्ना आया था तथा एक व्यक्ति के खेत में साग-सब्जी की फसल उगाने का काम करता था और वहीं खेत में बनी झोपड़ी में रहता था। आरोपी ने बताया कि मजदूरी से मिलने वाली राशि से वह संतुष्ट नहीं था, वह अधिक पैसा कमाना चाहता था। इसके लिए वह सोशल मीडिया पर पैसे कमाने के विभिन्न तरीकों के बारे में जानकारी देखता रहता था। इसी दौरान उसके मन में छोटे बच्चों के शरीर के अंग निकालकर बेचने के माध्यम से पैसा कमाने का विचार आया।
आरोपी के मेमोरेण्डम कथन के अनुसार दिनांक 05.11.2026 को सुबह करीब 09ः00 बजे वह काम पर जाने के दौरान रामजीत राम के घर के पास पहुंचा जहां उसकी मुलाकात रामजीत राम से हुई। इसके बाद वह रामजीत एवं एक अन्य परिचित व्यक्ति के साथ शराब पीने गया, फिर आरोपी के द्वारा शराब पीने के पश्चात रामजीत व दूसरे व्यक्ति को छोड़ कर वापस लौटते वक्त रास्ते में उसे रामजीत का 04-05 वर्षीय पुत्र जितेन्द्र राम मिला, जिसे वह बहला-फुसलाकर अपने साथ गुलाम अंसारी के खेत में बनी झोपड़ी में ले गया।
आरोपी ने बताया कि वह बच्चे को अपने साथ महानदी डेम के पास सौर ऊर्जा प्लेट के नीचे ले गया तथा कुछ समय बाद जंगल की ओर घुमाने के पश्चात पुनः उसी स्थान पर वापस आया। इसके बाद आरोपी बच्चे को लेकर सन्ना खुटाटांगर गया, जहां से शराब एवं मुर्गा खरीदा। वापस आकर उसने मुर्गा बनाया तथा बच्चे को भी शराब पिलाई। शराब पीने के बाद बच्चा नशे में सो गया तब आरोपी ने पहले से अपने पास रखे चाकू से बच्चे का गला रेतकर उसकी हत्या कर दी।
आरोपी ने अपने मेमोरेण्डम कथन में बताया कि हत्या के बाद उसने उसी चाकू से मृतक के सीने एवं पेट को काटकर किडनी, फेफड़ा एवं आंख निकालकर प्लास्टिक की बाल्टी में रखा। इसके बाद मृतक के शव को कंबल एवं गोदरी में लपेटकर बोरी में भर दिया तथा बहादुर के खेत में पानी से भरे गड्ढे में रखकर मिट्टी से दबा दिया। आरोपी ने आगे बताया कि घटना में प्रयुक्त चाकू, फावड़ा एवं मृतक के शरीर से निकाले गए अंगों को प्लास्टिक की बाल्टी में रखकर बांस झाड़ के पास गड्ढा खोदकर छिपा दिया था।
पुलिस द्वारा बरामदगी एवं वैधानिक कार्रवाई आरोपी बासुदेव उर्फ टंगनू पिता अमृत, उम्र 27 वर्ष, निवासी ग्राम चलनी गोर्रापाठ, थाना सन्ना के मेमोरेण्डम कथन के आधार पर पुलिस टीम द्वारा उसकी निशानदेही पर मृतक बालक का शव, घटना में प्रयुक्त चाकू, फावड़ा, मृतक के शरीर से निकाले गए अंगों को रखने वाली प्लास्टिक की बाल्टी एवं अन्य संबंधित सामग्री बरामद की गई है। पुलिस द्वारा मृतक बालक के शव का विधिवत पंचनामा तैयार कर डाॅक्टर से पोस्टमार्टम कराया गया। आरोपी द्वारा अपराध स्वीकार किए जाने एवं उसके विरुद्ध पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
आरोपी के द्वारा कुत्सित एवं घृणित मानसिकता के साथ जल्दी पैसा कमाने की इच्छा तथा इंटरनेट के गलत प्रयोग के फलस्वरूप हत्या किया जाना पाया गया।
कार्यवाही व आरोपी की गिरफ्तारी में थाना प्रभारी सन्ना निरीक्षक राकेश यादव, उप निरीक्षक आभास मिंज, प्रधान आरक्षक सुमन टोप्पो, रविन्द्र एक्का, विजय खूंटे तथा आरक्षक महेश्वर यादव, प्रवीण खलखो एवं बलबीर भगत की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
