
प्रेम संबंध बना जानलेवा : युवक की हत्या, युवक की हत्या कर फरार हुए भाई, रायगढ़ पुलिस ने 24 घंटे में सुलझाया केस, आरोपियों को गिरफ्तार कर भेजा न्यायिक रिमांड पर.
April 2, 2025धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम तराईमार की घटना,
पुलिस ने दोनों आरोपियों के विरूद्ध भारतीय न्याय संहिता की धारा 103, 3(5) बीएनएस के अंतर्गत अपराध क्रमांक 85/2025 दर्ज.
रायगढ़. 2 अप्रैल 2025 : धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम तराईमार में युवक की हत्या मामले में पुलिस ने त्वरित कार्यवाही करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। आज थाना धरमजयगढ़ में एसडीओपी धरमजयगढ़ श्री सिद्धांत तिवारी और थाना प्रभारी निरीक्षक कमला पुसाम द्वारा प्रेस कांफ्रेस कर घटना और आरोपियों की गिरफ्तारी की जानकारी दी गई, जिसके अनुसार प्रेम संबंध के विवाद में युवक की हत्या कर दी गई थी।
कांफ्रेंस में एसडीओपी धरमजयगढ़ ने बताया कि घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस टीम तत्काल सिविल अस्पताल पहुंची, जहां मृतक की पहचान दयाराम साहू (27) पिता फागूलाल साहू के रूप में हुई। जांच में पता चला कि दयाराम का निरंजन सिदार की रिश्तेदार युवती से प्रेम संबंध था, जिसे लेकर निरंजन और उसका भाई राजू सिदार पहले से नाराज थे। बीती 1 अप्रैल की रात जब दयाराम निरंजन के घर पहुंचा तो दोनों भाइयों ने गुस्से में आकर उस पर मोटर साइकिल के शॉक-एब्जॉर्बर रॉड से हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल अवस्था में उसे सिविल अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

पुलिस ने मृतक के भाई कन्हैया साहू (34) की शिकायत पर तत्काल कार्यवाही करते हुए आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 103, 3(5) बीएनएस के अंतर्गत अपराध क्रमांक 85/2025 दर्ज किया। दोनों आरोपी निरंजन सिदार (31) और राजू सिदार (18) को कुछ ही घंटों के भीतर गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में दोनों ने पुरानी रंजिश के चलते हत्या करने की बात स्वीकार कर ली।
पुलिस अधीक्षक दिव्यांग कुमार पटेल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आकाश मरकाम और एसडीओपी धरमजयगढ़ सिद्धांत तिवारी के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी कमला पुसाम ठाकुर के नेतृत्व में पुलिस टीम ने इस कार्यवाही को अंजाम दिया। इस सफलता में सहायक उपनिरीक्षक डेविड टोप्पो, प्रधान आरक्षक सुधो भगत, आरक्षक विजय राठिया, आरक्षक विनय तिवारी, आरक्षक कमलेश राठिया, आरक्षक किशोर राठौर, आरक्षक अलेक्सियस एक्का और महिला आरक्षक सोनम उरांव, महिला आरक्षक संगीता भगत, महिला आरक्षक नीरा सहित अन्य पुलिसकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।