सिंधी समाज के गो सेवा अभियान से जुड़ने सम्बन्धी पुस्तिका का शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानन्द 11 जून को वाराणसी में करेंगे विमोचन.
वाराणसी/रायपुर. 9 जून 2025 : वाराणसी में 11 जून को एक ऐतिहासिक क्षण देखने को मिलेगा जब ज्योतिर्मठ के शंकराचार्य पूज्यपाद स्वामीश्री अविमुक्तेश्वरानन्द सरस्वती जी महाराज, सिंधी समाज द्वारा गौ सेवा अभियान से जुड़ने के लिए प्रकाशित विशेष पुस्तिका का विमोचन करेंगे। इस अभियान का नेतृत्व कर रहे हैं मसन्द सेवाश्रम रायपुर, छत्तीसगढ़ के पीठाधीश पूज्य साईं जलकुमार मसन्द साहिब, जो परम धर्म संसद 1008 के संगठन मंत्री भी हैं। यह अभियान गौमाता को राष्ट्रमाता घोषित करवाने के उद्देश्य से भारत सहित 108 देशों में सक्रिय है।
मसन्द सेवाश्रम रायपुर छत्तीसगढ़ के पीठाधीश, सिंधी समाज के विख्यात संत पूज्य साईं जलकुमार मसन्द साहिब द्वारा देश विदेश में बसे सिंधी समाज के गो सेवा अभियान से जुड़ने के सम्बन्ध में एक पुस्तिका प्रकाशित कराई गई है। पुस्तिका का विमोचन ज्योतिर्मठ के शंकराचार्य पूज्यपाद स्वामीश्री अविमुक्तेश्वरानन्द सरस्वती जी महाराज 11 जून को वाराणसी में करेंगे। साईं मसन्द साहिब 9 जून को इस सम्बन्ध में वाराणसी पहुंच गए हैं।
मसंद सेवाश्रम रायपुर के प्रवक्ता मयंक मसंद ने जानकारी देते हुए बताया कि साईं मसन्द साहिब ज्योतिर्मठ के शंकराचार्य पूज्यपाद स्वामीश्री अविमुक्तेश्वरानन्द महाराज के नेतृत्व में कार्यरत अंतरराष्ट्रीय हिन्दू संगठन परम धर्म संसद 1008 के संगठन मंत्री भी हैं। भारत सहित विश्व के 108 देशों की कुल 1008 धार्मिक एवं सामाजिक प्रतिभाएं इस संगठन में सम्मिलित हैं। संगठन भारत के पूज्यपाद चारों शंकराचार्यों के मार्गदर्शन में पिछले तीन वर्षों से गौमाता को राष्ट्रमाता स्वीकार किये जाने हेतु गो सेवा अभियान चला रहा है।
