दृष्टि एवं श्रवण बाधित विद्यार्थियों के लिए आधुनिक शिक्षण सुविधाएं होगी उपलब्ध
जशपुर : कलेक्टर रोहित व्यास ने गुरुवार को जशपुर के गम्हरिया स्थित शासकीय दृष्टि बाधितार्थ बालक-बालिका विशेष विद्यालय के निकट दिव्यांग बच्चों हेतु बनने वाले आदर्श आवासीय परिसर के लिए चिन्हांकित स्थल का निरीक्षण किया। 01 करोड़ 77 लाख 43 हजार रुपए की लागत से बनने वाले इस परिसर का उद्देश्य दृष्टि एवं श्रवण बाधित विद्यार्थियों को सुरक्षित, सुविधाजनक और गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण प्रदान करना है। इस आवासीय परिसर में दृष्टि बाधितार्थ विद्यार्थियों के लिए कक्षा 6वीं से 12वीं तक तथा श्रवण बाधित विद्यार्थियों के लिए कक्षा पहली से 12वीं तक की शिक्षा उपलब्ध कराया जाएगा। इसमें दृष्टिबाधित छात्रों के लिए ब्रेल लिपि आधारित पाठ्यक्रम और श्रवण बाधित बच्चों के लिए सांकेतिक भाषा पर आधारित पाठ्यक्रम संचालित किए जाएंगे।
कलेक्टर श्री व्यास ने अधिकारियों से कहा कि परिसर का निर्माण गुणवत्ता के साथ तय समय सीमा में पूरा किया जाए, साथ ही विशेष सुविधाओं और सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि दिव्यांग बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए यह परिसर एक महत्वपूर्ण कदम सिद्ध होगा। निरीक्षण के दौरान एसडीएम श्री विश्वास राव मस्के, डिप्टी कलेक्टर श्री समीर बड़ा, यशस्वी जशपुर के नोडल अधिकारी श्री विनोद गुप्ता, समाज कल्याण विभाग के सहायक अधीक्षक श्री वेद प्रकाश कुलदीप सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।
