प्रदेश में मजबूत हो रहा पावर ट्रांसमिशन नेटवर्क, बेमेतरा में नया 132 केवी उपकेंद्र ऊर्जीकृत.
बेतर (दाढ़ी) में 132/33 केवी उपकेंद्र ऊर्जीकृत : 80 एमवीए की ट्रांसफॉर्मेशन कैपेसिटी से क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति होगी मजबूत.
रायपुर : छत्तीसगढ़ में मजबूत हो रहे पावर ट्रांसमिशन नेटवर्क के बीच बेमेतरा जिले को बड़ी विद्युत सौगात मिली है। बेतर (दाढ़ी) में नवनिर्मित 132/33 केवी उपकेंद्र को ऊर्जीकृत कर दिया गया है। 80 एमवीए की क्षमता वाले इस उपकेंद्र से बेमेतरा के 72 और कवर्धा के 25 गांवों की बिजली व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। करीब 25 करोड़ रुपये की लागत से तैयार परियोजना क्षेत्र में बढ़ती विद्युत मांग, कृषि और घरेलू उपभोक्ताओं को अधिक विश्वसनीय आपूर्ति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर ट्रांसमिशन कंपनी ने प्रदेश की पारेषण व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि प्राप्त की है। बेमेतरा जिले के बेतर (दाढ़ी) में नवनिर्मित 132/33 केवी उपकेंद्र का आज प्रबंध निदेशक श्री राजेश कुमार शुक्ला ने ऊर्जीकरण किया। उपकेंद्र में स्थापित 40-40 एमवीए क्षमता के दो पॉवर ट्रांसफार्मरों को भी सफलतापूर्वक ऊर्जीकृत किया गया। दोनों ट्रांसफार्मरों के ऊर्जीकरण से उपकेंद्र में कुल 80 एमवीए की ट्रांसफॉर्मेशन कैपेसिटी उपलब्ध हुई है।
नए उपकेंद्र के निर्माण से बेमेतरा जिले के 72 तथा कवर्धा के 25 गांवों में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। बढ़ती विद्युत मांग के अनुरूप विद्युत भार का बेहतर प्रबंधन संभव होगा तथा क्षेत्र में घरेलू, कृषि एवं अन्य उपभोक्ताओं को अधिक विश्वसनीय और गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी। नए उपकेंद्र की कुल परियोजना लागत लगभग 25 करोड़ रुपये है।
इस उपकेंद्र को विद्युत आपूर्ति से जोड़ने के लिए 220 केवी उपकेंद्र गेन्दपुर से 132 केवी उपकेंद्र जाने वाली पारेषण लाइन को LILO (Loop In Loop Out) किया गया है। इसके लिए लगभग 8.8 करोड़ रुपये की लागत से 5 किलोमीटर नई पारेषण लाइन का निर्माण किया गया। इस व्यवस्था से नए उपकेंद्र को पारेषण नेटवर्क से जोड़ा गया है, जिससे क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति की विश्वसनीयता एवं पारेषण क्षमता में वृद्धि होगी।
प्रबंध निदेशक श्री राजेश कुमार शुक्ला ने उपकेंद्र के ऊर्जीकरण पर अधिकारियों एवं कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि प्रदेश में बढ़ती विद्युत मांग को देखते हुए पारेषण नेटवर्क का लगातार विस्तार किया जा रहा है। नए उपकेंद्रों एवं पारेषण लाइनों के निर्माण से न केवल वर्तमान विद्युत आवश्यकताओं की पूर्ति में सुविधा होगी, बल्कि भविष्य में बढ़ने वाले विद्युत भार के लिए भी आवश्यक अधोसंरचना तैयार होगी। उन्होंने कहा कि बेमेतरा जिले में स्थापित यह नया उपकेंद्र क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति व्यवस्था को और अधिक सक्षम एवं विश्वसनीय बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
इस अवसर पर उपकेंद्र परिसर में वृक्षारोपण कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। प्रबंध निदेशक सहित उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने परिसर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
इस अवसर पर कार्यपालक निदेशक श्री एम.एस.चौहान, श्री संजय पटेल, श्री के.एस.मनोठिया, श्री वीरेंद्र दीक्षित एवं श्री शिरीष शैलेट, मुख्य अभियंता श्री अब्राहम वर्गीस, श्री संजय तिवारी एवं श्री प्रसन्ना गोसावी, अतिरिक्त मुख्य अभियंता श्री राजेश तिवारी, अधीक्षण अभियंता श्री आई.एस. कंवर, श्री करुणेश यादव, श्री सुनील भूआर्य, श्री धनेश देवांगन, श्री तरुण ठाकुर, श्री विक्रम मंधान एवं श्री ललित देवांगन सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
