2018 के चर्चित एससी/एसटी केस का फरार आरोपी आखिरकार पुलिस के हत्थे चढ़ा, पुलिस कर रही थी लगातार तलाश, अंततः धर दबोचा.
चौकी पंडरा पाठ क्षेत्रांतर्गत मामले में आरोपी कमलेश, छह साल से था फरार, उसके विरुद्ध चौकी पंडरा पाठ में है अपहरण, मारपीट व एससी/एसटी का प्रकरण दर्ज.
चौकी पंडरापाठ में अपहरण व मारपीट के लिए भा.द.वि. की धारा 365,264,506,323,342,147,148,325,367 व 3(v),3(1)(द)(घ) एससी/एसटी एक्ट के तहत मामला पंजीबद्ध कर की जा रही थी जांच विवेचना.
जशपुर. 30 जून 2025 : जशपुर पुलिस को छह साल पुराने एक संगीन अपराध के मामले में बड़ी सफलता मिली है। ऑपरेशन अंकुश के तहत लगातार फरार आरोपियों की तलाश कर रही पुलिस ने वर्ष 2018 से फरार अपहरण, मारपीट और एससी/एसटी एक्ट के आरोपी कमलेश यादव को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी लंबे समय से पुलिस को चकमा देता रहा, लेकिन तकनीकी टीम और मुखबिर की मदद से ग्राम बाघिमा से उसे गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया। यह गिरफ्तारी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के नेतृत्व में चलाए जा रहे अभियान “ऑपरेशन अंकुश” की एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर श्री शशि मोहन सिंह के नेतृत्व व दिशानिर्देश में जशपुर पुलिस के द्वारा पुराने प्रकरणों में लंबे समय से फरार आरोपियों की धर पकड़ हेतु विशेष अभियान ऑपरेशन अंकुश चलाया जा रहा है, जिसके तहत पुलिस के द्वारा, पुलिस के सक्रिय मुखबिर तंत्र व टेक्निकल टीम की मदद से लगातार फरार आरोपियों की पतासाजी कर उनकी गिरफ्तारी का प्रयास किया जा रहा है, जिसमें कि पुलिस को सफलता भी मिल रही है। इसी क्रम में जशपुर पुलिस को अपहरण, मारपीट व एससी/एसटी के मामले में वर्ष 2018 से फरार एक आरोपी कमलेश यादव को पकड़ने में सफलता मिली है ।
मिली जानकारी के अनुसार दिनांक 29 सितंबर 2018 को चौकी पंडरापाठ क्षेत्रांतर्गत विशेष संरक्षित समाज के प्रार्थी संत कुमार, उम्र 23 वर्ष ने चौकी में रिपोर्ट दर्ज कराया था, कि उसका एक लड़की से प्रेम सम्बन्ध था, दोनों आपसी सहमति से 05 अगस्त 2018 को भाग कर, एक रिश्तेदार के यहां, गौरेला पेंड्रा मारवाही में रहे, फिर वहां से रांची झारखंड जाकर काम किए, फिर वहां से वापस 28 अगस्त 2018 को चौकी पंडरा पाठ क्षेत्रांतर्गत एक गांव में आकर रहने लगे, इसी दौरान दिनांक 29 सितंबर 2018 की शाम करीबन 05:00 बजे, लड़की का मामा शिव कुमार यादव, अपने अन्य साथियों के साथ आकर प्रार्थी को अपने समाज की लड़की को रखने की हिम्मत कैसे किए, कहते हुए प्रार्थी से मारपीट कर, उसे जबरन रस्सी से बांधकर, पिक-अप वाहन में ले जाकर, चौकी पंडरापाठ क्षेत्रांतर्गत एक ग्राम में ले गए व उससे रात भर, गंदी गालियां देते हुए मारपीट किए थे, जिससे कि प्रार्थी की पूरे शरीर में गंभीर चोट आई थी।
रिपोर्ट पर चौकी पंडरापाठ में अपहरण व मारपीट के लिए भा.द.वि. की धारा 365,264,506,323,342,147,148,325,367 व 3(v),3(1)(द)(घ) एससी/एसटी एक्ट के तहत मामला पंजीबद्ध कर जांच विवेचना में लिया गया था।
पुलिस के द्वारा विवेचना के दौरान मामले में संलिप्त 12 आरोपियों क्रमशः हरिशंकर याद, शिवकुमार यादव, पुरन यादव, रामकरण यादव, रमेश यादव, नंदगोपाल यादव, सुभाष यादव, मुनी यादव, प्रबल यादव, कृष्णा यादव, खुसीहाल यादव, रामु यादव को दिनांक 31 जनवरी 2019 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया था।
अपराध में शामिल एक आरोपी कमलेश यादव, घटना दिनांक से ही फरार था, पुलिस के द्वारा उसकी लगातार पतासाजी की जा रही थी, कि दिनांक 29 जून 2025 को पुलिस को मुखबीर के जरिए सूचना मिली थी कि मामले का फरार आरोपी कमलेश यादव, ग्राम बाघिमा में आया हुआ है, जिस पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देश पर पुलिस के द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए, घेराबंदी कर, ग्राम बाघिमा से फरार आरोपी कमलेश यादव उम्र 23 वर्ष को हिरासत में लिया गया है।आरोपी कमलेश यादव के द्वारा अपराध स्वीकार करने व पर्याप्त अपराध सबूत पाए जाने पर उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है।
प्रकरण की कार्यवाही व फरार आरोपी की गिरफ्तारी में डीएसपी आजाक श्री भावेश कुमार समरथ, सहायक उपनिरीक्षक मार्टिन खलखो, प्रधान आरक्षक जगदीश अघरिया, आरक्षक अरुण कुमार तिग्गा, आरक्षक महेश मालाकार व जशपुर पुलिस की साइबर टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
प्रकरण के बारे में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर श्री शशि मोहन सिंह ने बताया कि ऑपरेशन अंकुश के तहत छह साल से फरार आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है, पुलिस के द्वारा और भी पुराने प्रकरणों में लंबे समय से फरार आरोपियों को चिन्हित कर पतासाजी की जा रही है, जिन्हें भी शीघ्र ही गिरफ्तार किया जाएगा, ऑपरेशन अंकुश निरंतर जारी रहेगा।
