विद्यालयों में निबंध, चित्रकला एवं भाषण प्रतियोगिताएं आयोजित, विद्यार्थियों ने रचनात्मकता से दिया स्वच्छ भारत का संदेश.
जशपुर : जशपुर जिले के स्कूलों में स्वच्छता का संदेश अब विद्यार्थियों की रचनात्मकता के जरिए जन-जन तक पहुंच रहा है। स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक चल रहे स्वच्छता ही सेवा एवं सेवा संकल्प अभियान में निबंध, चित्रकला और भाषण प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। विद्यार्थियों ने स्वच्छ विद्यालय, स्वच्छ गांव, कचरा प्रबंधन, प्लास्टिक मुक्त वातावरण और पर्यावरण संरक्षण जैसे विषयों पर अपनी प्रतिभा दिखाई। गतिविधियों के माध्यम से बच्चों को स्वच्छता दूत बनकर परिवार और समाज को जागरूक करने प्रेरित किया गया।
स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) अंतर्गत 17 सितंबर से 2 अक्टूबर 2026 तक आयोजित स्वच्छता ही सेवा एवं सेवा संकल्प अभियान के तहत जिले के विभिन्न विद्यालयों में विद्यार्थियों के बीच स्वच्छ भारत विकसित भारत विषय पर निबंध, चित्रकला एवं भाषण प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतियोगिताओं में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपनी रचनात्मक प्रतिभा और विचारों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। प्रतियोगिताओं का उद्देश्य विद्यार्थियों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ उन्हें स्वच्छ एवं स्वस्थ भारत के निर्माण में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करना था। इन गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों की छिपी प्रतिभाओं को सामने लाने के साथ उन्हें अपने घर, विद्यालय और आसपास के क्षेत्र में स्वच्छता का संदेश पहुंचाने के लिए प्रोत्साहित किया गया।
निबंध प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने रखे विचार –
निबंध प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने स्वच्छता, स्वच्छ विद्यालय, स्वच्छ गांव, कचरा प्रबंधन तथा स्वच्छ भारत के महत्व जैसे विषयों पर अपने विचार व्यक्त किए। विद्यार्थियों ने बताया कि स्वच्छता केवल अभियान तक सीमित न रहकर दैनिक जीवन की आदत और जिम्मेदारी बननी चाहिए। उन्होंने स्वच्छ वातावरण को स्वस्थ जीवन और विकसित समाज की आधारशिला बताया।
चित्रकला के माध्यम से दिया स्वच्छता का संदेश –
चित्रकला प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मकता का प्रदर्शन करते हुए स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े विभिन्न संदेशों को चित्रों के माध्यम से प्रस्तुत किया। स्वच्छ विद्यालय, स्वच्छ गांव, कचरा प्रबंधन, प्लास्टिक मुक्त वातावरण तथा हरित एवं स्वच्छ पर्यावरण जैसे विषयों पर बनाए गए चित्रों के माध्यम से विद्यार्थियों ने समाज को स्वच्छता के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया।
भाषण प्रतियोगिता में स्वच्छता को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने पर जोर –
भाषण प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने स्वच्छ भारत विकसित भारत विषय पर अपने विचार रखते हुए स्वच्छता को दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। विद्यार्थियों ने कचरे का उचित प्रबंधन, गीले एवं सूखे कचरे का पृथक्करण तथा प्लास्टिक के उपयोग को कम करने जैसे उपायों को अपनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत के निर्माण में प्रत्येक नागरिक की सहभागिता आवश्यक है। इस अवसर पर विद्यार्थियों एवं शिक्षकों ने अपने विद्यालय, घर और आसपास के क्षेत्रों को स्वच्छ रखने तथा अन्य लोगों को भी स्वच्छता के प्रति जागरूक करने का संकल्प लिया। प्रतियोगिताओं के माध्यम से विद्यार्थियों को स्वच्छता दूत के रूप में अपनी भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया गया, ताकि वे अपने परिवार एवं समुदाय में स्वच्छता का संदेश पहुंचाकर स्वच्छ और विकसित भारत के निर्माण में सहभागी बन सकें।
